छग राज्यसभा सांसद तुलसी ने 6.40 बजे किया था ट्वीट
रायपुर। छत्तीसगढ़ से राज्यसभा सांसद केटीएस तुलसी ने एक ऐसा ट्वीट कर दिया कि सूबे की सियासत में हड़कंप मच गया। बिना किसी पुष्ट जानकारी के श्री तुलसी ने अपने ट्वीटर अकाउंट में कांग्रेस के वयोवृध्द नेता मोतीलाल वोरा के निधन और उनकों श्रध्दांजलि की सूचना दी।
बस फिर क्या था खबर आग की तरह फैल गई और प्रदेश कांग्रेस के अलावा मीडिया समूहों में भी वरिष्ठ कांग्रेस नेता मोतीलाल वोरा के समर्थकों में शोक की लहर दौड़ गई। सोशल मीडिया में उनको श्रध्दांजलि देने और उनके योगदान को याद किया जाने लगा।
खुद राज्यसभा सांसद ने अपने ट्वीट में तकरीबन 7 लाइनों और 50 शब्दों का शोक संदेश साझा कर दिया। जिसमें उन्हों ने श्री वोरा के सप्ताहभर पूर्व दिल्ली एम्स में कोरोना की वजह से भर्ती होने और उनका पूरा परिवार के लिए संवेदना प्रकट करते हुए अपने और कांग्रेस पार्टी की तरफ से मोतीलाल वोरा के लिए श्रध्दांजलि प्रकट करते हुए कांग्रेस के लिए किए गए श्री वोरा के कार्यों को स्वर्णिम अक्षरों में लिखे जाने की बात कही।
यह चूक कैसे हुई यह तो पता नहीं और न ही समाचार लिखे जाने तक श्री तुलसी ने कोई सफाई या गलती वाला ट्वीट किया है। परंतु उनके ट्वीट से उड़ी निधन की खबर की अफवाह से वोरा परिवार के समर्थक और चेहतों में मायूसी व दुख छा गया था।
बाद में प्रदेश के कई नेताओं व मीडिया व्दारा परिजनों से वोरा जी के स्वास्थ्य की जानकारी लेने पर स्थिति स्पष्ट हुई और तब पता चला कि उनके निधन की खबर फेक हैं कोरी अफवाह है।
बिना पुष्टि के ऐसी खबर गलत-अरूण वोरा
विधायक अरुण वोरा ने पुष्टि की है कि उनके पिता स्वास्थ्य लाभ ले रहे हैं और एम्स में चिकित्सकों की निगरानी में हैं। उन्हों ने मीडिया को दिए बयान में कहा कि ऐसी बिना पुष्टि के खबर, ट्वीट करना दुखद है। उन्हों ने कहा यह खबर पूरी तरह अफवाह है मेरे पिता श्री मोतीलाल वोरा जी पूरी तरह स्वस्थ हैं और उनका उपचार चिकित्सक कर रहे हैं।