बिहार विधानसभा चुनावों की तारीखों के ऐलान को लेकर मुख्य चुनाव आयुक्त सुनील अरोड़ा ने आज प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित किया. इस दौरान उन्होंने बिहार चुनावों की घोषणा करते हुए कई अहम बदलावों की ओर लोगों का ध्यान आकर्षित किया. देश में फैली महामारी और लोकतांत्रिक अधिकारों के बीच सामंजस्य का नमूना बिहार चुनाव में देखने को मिलेगा. Also Read – Bihar Assembly Election 2020 Live: बिहार चुनाव में मतदान का वक्त बढ़ा, कोरोना काल में ये होंगे खास इंतजामम

दौरान यह पहली ऐसी विधानसभा चुनाव होगी, जिसमें काफी कुछ पहले की अपेक्षा बदला हुआ दिखने वाला है. चुनाव आयुक्त ने कहा कि चुनाव जरूर कोरोना महामारी के बीच हो रहे लेकिन चुनाव नागिरकों को लोकतांत्रिक अधिकार है. बिहार विधानसभा चुनाव 2020 कोरोना के समय दुनिया का सबसे बड़ा चुनाव है. बता दें कि बिहार में बिहार में कुल मतदाता 7 करोड़ 79 लाख जिसमें महिला मतदाता 3 करोड़ 39 लाख हैं जबकि पुरुष मतदाता 3 करोड़ 79 लाख हैं.

विधानसभा चुनाव रोकने पर नहीं करेंगे सुनवाई, याचिका खारिज

1- बिहार विधानसभा चुनाव में कोरोना को ध्यान में रखते हुए एक बूथ पर एक हजार मतदाता ही वोट डाल सकेंगे. यानी इस विधानसभा चुनाव में मतदान केंद्रों की संख्या में वृद्धि की जाएगी बड़ी आबादी वाले गांवों में कई मतदान केंद्र बनाए जाएंगे.

2- बिहार विधानसभा 2020 के चुनाव में कई तरह के चुनाव प्रचारों पर भी प्रतिबंध लगाए गए हैं. चुनाव प्रचार के दौरान 5 से अधिक लोग घरों में जाकर प्रचार नहीं कर सकेंगे.

3- देश में फैली महामारी और सोशल डिस्टेंसिंग के पालन में मतदान केंद्र पर लोगों को दिक्कतों का सामना न करना पड़े, इस कारण मतदान के समय के 1 घंटे तक बढ़ा दिया गया है. यानी जो मतदान पहले सुबह 7 बजे से शाम के 5 बजे तक होते थे, वही अब शाम के 6 बजे तक होंगे, ताकी सभी के वोट सुनिश्चित किए जा सकें.

4- चुनाव आयुक्त सुनील अरोड़ा ने कहा कि लोकतंत्र में वोट करना सभी का अधिकार है. ऐसे में कोरोना से पीड़ित मरीज भी मतदान कर सकेंगा. लेकिन उसके लिए व्यवस्था और तौर तरीके थोड़े अलग होंगे.

5- बिहार विधानसभा चुनाव दौरान 46 लाख मास्क और 6 लाख फेस शील्ड का इंतजाम किया गया है. इनका इस्तेमाल मतदान केंद्रों और चुनाव संबंधी कामों के दौरान किया जाएगा.6- मतदाता को अगर बुखार है या उसमें कोरोना के लक्ष्ण दिखाई देते हैं तो उसे उस दौरान वोट देने से रोक दिया जाएगा, लेकिन अंतिम घंटों में ऐसे लोगों के लिए वोटिंग की व्यवस्था की जाएगी.