रायपुर। कोरोना संकट काल में लोग अपनी जान बचाने के लिए घरों में रहकर अपना समय बीता रहे है। यही वजह है कि सरकार द्वारा जारी लॉकडाउन के नियमों का बखूबी से पालन हो रहा है। लेकिन दूसरी तरफ इस लॉकडाउन से राज्य में शराबखोरी जोरो पर है। राजधानी रायपुर सहित प्रदेश के अन्य जिलों में अवैध शराब का कारोबार फल-फूल रहा है।

आलम यह है कि 700 से 800 रूपए में बिकनी वाली शराब की एक बोतल 3 हजार से लेकर 6 हजार रूपए में बिक रही है। बावजूद इसके आबकारी विभाग और शासन-प्रशासन में बैठे अधिकारी इन पर नकेल भी नहीं कस पा रहे है। ऐसे में शराब कोरोबार से जुडे दलाल बेखौफ होकर मदिरा प्रेमियों को शराब परोस रहे है। इधर, दुसरे राज्यों जैसे ओडिशा, महाराष्ट से भी शराब की अवैध तस्करी हो रही है। राज्य के सीमाओं को पार कर शराब छत्तीसगढ़ के भीतर पहुंच कैसे रहा है यह सरकार के लिए सवांलिया निशान पैदा कर रहा है।

कच्चे महुएं का भी तस्करी :
ग्रामीण अंचलों में भी महुआ से बनाई जाने वाली शराब (alcohol home delivery) की खपत भी बहुत ही ज्यादा मात्रा में होने लगा है। महज एक दो लोगों को पकड़कर कार्रवाई करना शराब की अवैध तस्करी को बंद नहीं कर सकता है। सूत्रों की माने तो पुलिस और आबकारी विभाग के अधिकारी और कर्मचारियों की मिलीभगत के बदौलत ही यहां महुआ और दूसरे राज्यों की शराब खपाया जा रहा है साथ ही दोगुने और तीगुने कीमत पर बेची जा रही है।

शराब की होम डिलवरी :
छत्तीसगढ़ के मदिरा प्रेमियों के लिए राहत भरी खबर आ रही है। राज्य सरकार अब शराब की होम डिलवरी करने जा रही है। प्रदेश के आबकारी मंत्री कवासी लखमा ने मीडिया में इसकी जानकारी दी हैं। संभावना जताई जा रही है कि सोमवार से इसकी शुरुआत हो सकती है। आबकारी मंत्री कवासी लखमा ने मीडिया से बात करते हुए बताया कि प्रदेश में जल्द शराब की होम डिलीवरी शुरू होगी। इस संबंध में विभाग की तैयारी चल रही है, संभवत: सोमवार यानी 10 मई से शराब की होम डिलीवरी शुरू हो सकती है।

इससे पहले कोरोना संक्रमण की रफ़्तार को काम करने के लिए जिलों में लाकडाउन का ऐलान किया गया है। इस दौरान आवश्यक चीजों को छोड़कर अन्य सभी चीजों को बंद किया गया था। इस दौरान शराब दुकानों को भी बंद रखने के निर्देश दिए गए थे। वहीं अब आबकारी मंत्री ने मदिराप्रेमियो को बड़ी राहत दी है और सोमवार से घर पहुंच सेवा शुरू करने की बात कही है।

शराब नहीं मिलने से लोग पी रहे स्प्रीट व अल्कोहलयुक्त सेनेटाइजर :
बता दें कि प्रदेश में शराब दुकानें बंद होने के बाद लोगों तलब लगने पर सेनेटाइजर और नशीली सीरप पीना शुरू कर दिया था। जिसके चलते अलग अलग जगहों से लोगों की मौत की खबर सामने आ रही थी। बिलासपुर जिले में नशीली सीरप के सेवन से 9 लोगों की मौत हो गई थी।

वहीं राजधानी रायपुर में भी सेनेटाइजर पीने से तीन लोगों की मौत की खबर सामने आई थी। पिछले साल भी सरकार ने मदिरा की होम डिलीवरी की सुविधा दी थी। इस बार भी अब मदिराप्रेमियों को सरकार ने होम डिलीवरी की सुविधा दी है।