The Duniyadari: कोरबा, 12 फरवरी। कटघोरा वनमंडल के पोड़ी उपरोड़ा विकासखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत कटोरी नगोई के आश्रित ग्राम धोबीबारी में जंगली हाथियों का आतंक थमने का नाम नहीं ले रहा है। बीते कई दिनों से करीब 50 हाथियों का झुंड गांव और आसपास के इलाकों में लगातार उत्पात मचा रहा है, जिससे जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया है।
हाथियों के झुंड ने गांव में घुसकर कई कच्चे मकानों को क्षतिग्रस्त कर दिया, जिसके चलते करीब दस परिवार खुले आसमान के नीचे रहने को मजबूर हो गए हैं। प्रभावित परिवारों में पंडो, रजवार, गोंड और धोबी समुदाय के लोग शामिल हैं, जो सुरक्षा के डर से गांव छोड़कर जंगल किनारे शरण लेने को विवश हैं।
ग्रामीणों के अनुसार, शाम होते ही हाथियों का दल बस्ती की ओर बढ़ जाता है और भारी नुकसान पहुंचाता है। हाल ही में हाथियों ने तीन बकरियों और एक गाय को मार डाला, जिससे पशुपालकों को बड़ा झटका लगा है। जान बचाने के लिए लोगों को गांव छोड़कर दूर भागना पड़ा। ग्रामीण सुनील पांडव, जगदेव पांडव और बंधन धोबी ने बताया कि हाथियों के हमलों से खेतों की फसलें चौपट हो चुकी हैं और मवेशियों का भी नुकसान हुआ है। पीडीएस से मिला राशन समाप्त होने के कारण गांव में खाद्य संकट गहराने लगा है।
ग्रामीणों ने वन विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा कि अब तक कोई प्रभावी कदम नजर नहीं आया है। पड़ो समाज के मुखिया सुंदर पड़ो ने चेतावनी दी कि यदि जल्द ठोस कार्रवाई नहीं हुई तो बड़ी दुर्घटना से इंकार नहीं किया जा सकता। गांव में भय और नाराजगी का माहौल है, वहीं लोग प्रशासन से तत्काल राहत, मुआवजा और सुरक्षा इंतजाम की मांग कर रहे हैं।































