The Duniyadari: Bilaspur – सरकारी राशन के चावल वितरण में बड़े पैमाने पर फर्जीवाड़े का मामला सामने आया है। जांच में खुलासा हुआ है कि वेयरहाउस से निकलने वाले हर ट्रक में वजन के नाम पर करीब 130 किलो तक की हेराफेरी की जा रही थी। यह गड़बड़ी लंबे समय से चल रही थी, जिससे शासन को लाखों रुपये का नुकसान होने की आशंका जताई जा रही है।
जानकारी के अनुसार, वेयरहाउस में चावल लोड करते समय इलेक्ट्रॉनिक कांटे पर ट्रकों का वजन किया जाता था, लेकिन जांच के दौरान वजन में अंतर पाया गया। दस्तावेजों में दर्ज वजन और वास्तविक वजन में लगभग 130 किलो का फर्क सामने आया। इस गड़बड़ी के बाद अधिकारियों ने मौके पर जांच शुरू की और संबंधित कर्मचारियों से पूछताछ की।
बताया जा रहा है कि ट्रकों में चावल भरने के बाद सीलिंग से पहले ही वजन में हेरफेर किया जाता था। इस प्रक्रिया में वेयरहाउस के कुछ कर्मचारियों और ट्रांसपोर्टरों की मिलीभगत की आशंका जताई जा रही है। मामले की गंभीरता को देखते हुए विभाग ने पूरी सप्लाई चेन की जांच के आदेश दे दिए हैं।
स्थानीय अधिकारियों का कहना है कि यदि प्रति ट्रक 130 किलो की हेराफेरी हो रही है, तो प्रतिदिन कई ट्रकों के हिसाब से यह मात्रा काफी बड़ी हो जाती है। इससे गरीबों के लिए भेजा गया राशन बीच में ही कम हो रहा था।
मामले के सामने आने के बाद संबंधित वेयरहाउस प्रभारी को नोटिस जारी किया गया है। वहीं, जांच पूरी होने तक संबंधित कर्मचारियों की भूमिका की भी जांच की जा रही है। अधिकारियों ने कहा है कि दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।















