The Duniyadari: रायपुर/बिलासपुर- दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे ने वित्तीय वर्ष 2025–26 के दौरान बुनियादी ढांचे को मजबूत करने और यात्री सुविधाओं में सुधार के लिए व्यापक स्तर पर कार्य किए हैं। सिविल इंजीनियरिंग विभाग द्वारा किए गए इन प्रयासों से न केवल रेल नेटवर्क अधिक सुरक्षित और मजबूत हुआ है, बल्कि यात्रियों की यात्रा भी पहले से अधिक सुगम और आरामदायक बनी है। रेलवे द्वारा किए गए ये कार्य भविष्य की तेज और सुरक्षित रेल सेवाओं की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माने जा रहे हैं।
इस दौरान ट्रैक नवीनीकरण के क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रगति दर्ज की गई। कुल 348 ट्रैक किलोमीटर का प्राथमिक रेल नवीनीकरण किया गया, जो पिछले वर्ष की तुलना में 25 प्रतिशत अधिक है। वहीं 271 किलोमीटर स्लीपर नवीनीकरण का कार्य भी पूरा किया गया, जो पिछले वर्ष से 21 प्रतिशत अधिक है। इन सुधारों से ट्रैक की गुणवत्ता बेहतर हुई है और ट्रेन संचालन अधिक सुरक्षित एवं भरोसेमंद बना है, जिससे यात्रियों को समय पर और आरामदायक यात्रा का लाभ मिल रहा है।
रेलवे ने गति सुधार के क्षेत्र में भी महत्वपूर्ण उपलब्धियां हासिल की हैं। कुल 192.36 ट्रैक किलोमीटर पर सेक्शनल स्पीड को बढ़ाकर 110 किलोमीटर प्रति घंटा किया गया। इसके साथ ही 6 स्थानों पर लूप लाइन की गति 30 किलोमीटर प्रति घंटा तक बढ़ाई गई है। इन सुधारों से ट्रेनों की कुल यात्रा अवधि में कमी आई है और ट्रेनों के ठहराव तथा क्रॉसिंग में लगने वाला समय भी कम हुआ है, जिससे पूरे रेल नेटवर्क की कार्यक्षमता बढ़ी है।
सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए रेलवे ने 34 मानवयुक्त समपार फाटकों को समाप्त किया। इसके स्थान पर 18 रोड ओवर ब्रिज और 27 रोड अंडर ब्रिज का निर्माण किया गया। इन संरचनात्मक सुधारों से जहां रेलवे सुरक्षा में वृद्धि हुई है, वहीं सड़क उपयोगकर्ताओं को भी राहत मिली है। अब फाटक बंद होने की स्थिति में लंबा इंतजार नहीं करना पड़ता, जिससे समय और ईंधन दोनों की बचत हो रही है और दुर्घटनाओं की संभावना में भी कमी आई है।
यात्री सुविधाओं के विस्तार पर भी विशेष ध्यान दिया गया। इस वर्ष 14 नए लिफ्ट और 12 एस्केलेटर लगाए गए। इसके अलावा 12 नए फुट ओवर ब्रिज बनाए गए, जिनमें 4 की चौड़ाई 12 मीटर है। 9 स्टेशनों पर प्लेटफॉर्म की ऊंचाई बढ़ाई गई, जबकि 22 स्टेशनों पर अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत कार्य पूरे किए गए। इन सुविधाओं से यात्रियों की आवाजाही आसान हुई है और स्टेशनों पर भीड़ प्रबंधन में भी सुधार आया है।
विशेष रूप से वरिष्ठ नागरिकों, दिव्यांगजनों और महिलाओं को इन सुविधाओं से बड़ी राहत मिली है। चौड़े फुट ओवर ब्रिज और ऊंचे प्लेटफॉर्म ने यात्रियों की सुरक्षा और सुविधा दोनों को बेहतर बनाया है। साथ ही विकसित स्टेशनों पर स्वच्छ और आधुनिक सुविधाओं से यात्रियों को बेहतर अनुभव मिल रहा है।
इन सभी उपलब्धियों के साथ दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे ने भविष्य के लिए मजबूत आधार तैयार किया है। रेलवे का यह प्रयास आने वाले समय में तेज, सुरक्षित और भरोसेमंद रेल यात्रा को नए स्तर पर ले जाने में महत्वपूर्ण भूमिका .















