The Duniyadari: छत्तीसगढ़ के सूरजपुर जिले में एक नाबालिग छात्रा की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत ने इलाके में सनसनी फैला दी है। प्रेमी से विवाद के बाद 11वीं की छात्रा गंभीर रूप से जली हुई हालत में मिली थी, जिसकी इलाज के दौरान रविवार सुबह रायपुर में मौत हो गई। पुलिस फिलहाल आत्महत्या की आशंका मानकर मामले की जांच कर रही है।
यह पूरा मामला विश्रामपुर थाना क्षेत्र का है। जानकारी के अनुसार ग्राम गोरखनाथपुर निवासी 17 वर्षीय मोनिका सिंह उर्फ मोना शनिवार सुबह विश्रामपुर-भटगांव मार्ग पर पासिंग नाले के पास गंभीर रूप से जली हुई मिली थी। राहगीरों की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और उसे सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया, जहां डॉक्टरों ने 95 प्रतिशत तक जलने की पुष्टि की। हालत गंभीर होने पर पहले अंबिकापुर और बाद में रायपुर रेफर किया गया।
घटना की जानकारी मिलने पर महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े शनिवार शाम अंबिकापुर मेडिकल कॉलेज अस्पताल पहुंचीं और बेहतर इलाज के लिए छात्रा को रायपुर भेजने की व्यवस्था कराई। देर रात उसे मेकाहारा अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां रविवार सुबह इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
मोबाइल को लेकर हुआ था विवाद
परिजनों से पूछताछ में सामने आया कि मोनिका का पिछले दो वर्षों से रामनगर निवासी भूपेंद्र सिंह के साथ प्रेम संबंध था। दोनों ने मिलकर किश्त पर मोबाइल खरीदा था। बताया जा रहा है कि मोनिका ने अपने हिस्से का पैसा जमा नहीं किया था, जिस कारण भूपेंद्र ने मोबाइल अपने पास रख लिया। इसी बात को लेकर दोनों के बीच विवाद हुआ था।
बताया जा रहा है कि शुक्रवार शाम मोनिका भूपेंद्र के घर गई थी और रात वहीं रुकी। शनिवार सुबह उसने फिर मोबाइल मांगा, लेकिन भूपेंद्र ने देने से इनकार कर दिया। इस दौरान मोनिका ने खुद को आग लगाने की धमकी दी थी।
पेट्रोल खरीदने के बाद बढ़ा शक
पुलिस के अनुसार, मोनिका ने पास की दुकान से 100 रुपये का पेट्रोल खरीदा था। भूपेंद्र ने उसे पेट्रोल खरीदते देख लिया और कथित तौर पर पेट्रोल अपनी बाइक में डाल लिया। इसके बाद उसने मोनिका को आईटीआई कॉलोनी के पास छोड़ दिया। वहां से मोनिका का घर करीब 500 मीटर दूर बताया गया है। करीब आधे घंटे बाद छात्रा गंभीर रूप से जली हालत में मिली।
मामले में एडिशनल एसपी अभिषेक पैकरा ने बताया कि घटना की जांच की जा रही है और युवक से पूछताछ जारी है। पुलिस सभी पहलुओं पर जांच कर रही है, ताकि घटना के वास्तविक कारणों का पता लगाया जा सके।












