The Duniyadari: साजा। बेमेतरा जिले के साजा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रमों की कमजोर प्रगति पर प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। प्रतिष्ठा ममगई के निर्देश पर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र साजा में पदस्थ सभी अधिकारी-कर्मचारियों का मार्च माह का वेतन रोक दिया गया है। इस फैसले के बाद स्वास्थ्य विभाग में हलचल मच गई है और इसे जिले की अब तक की सबसे बड़ी सामूहिक कार्रवाई माना जा रहा है।
जानकारी के अनुसार, डॉ. अमृत रोहडेलकर द्वारा जारी आदेश में बताया गया है कि 24 मार्च को जिला स्वास्थ्य समिति की समीक्षा बैठक आयोजित की गई थी। बैठक में साजा ब्लॉक में राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रमों के लक्ष्यों के मुकाबले उपलब्धियां बेहद कम पाई गईं, जिस पर कलेक्टर ने नाराजगी जताते हुए कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए।
आदेश के तहत साजा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के पूरे स्टाफ का मार्च महीने का वेतन अगली सूचना तक रोक दिया गया है। इस निर्णय से ब्लॉक में कार्यरत लगभग 200 से अधिक कर्मचारी प्रभावित हुए हैं। इनमें डॉक्टर, स्टाफ नर्स, एएनएम, स्वास्थ्य कार्यकर्ता के साथ-साथ चौकीदार और सफाई कर्मी भी शामिल हैं।
हालांकि इस कार्रवाई को लेकर कर्मचारियों में नाराजगी भी देखने को मिल रही है। उनका कहना है कि जमीनी स्तर पर कार्यरत चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों की राष्ट्रीय कार्यक्रमों के लक्ष्य में प्रत्यक्ष भूमिका नहीं होती, फिर भी उन्हें सामूहिक रूप से दंडित किया गया है।
आदेश की प्रति सोशल मीडिया पर सामने आने के बाद महिला कर्मचारियों सहित कई कर्मियों ने इस निर्णय पर आपत्ति जताई है। उनका कहना है कि सीमित संसाधनों और कठिन परिस्थितियों में काम करने के बावजूद इस तरह की कार्रवाई उचित नहीं है।
बताया जा रहा है कि विभिन्न स्वास्थ्य कर्मचारी संगठन इस फैसले के विरोध में रणनीति बनाने में जुट गए हैं और जल्द ही प्रशासन से पुनर्विचार की मांग की जा सकती है।















