38 साल की प्रेरक पुलिस सेवा के बाद डीएसपी साधना सिंह सेवानिवृत्त, कोरबा सहित कई जिलों में रही पदस्थ, रायगढ़ एसपी कार्यालय में सम्मान समारोह

15

The Duniyadari : रायगढ़, 31 जनवरी (वेदांत समाचार)। पुलिस विभाग में लगभग चार दशकों तक अनुशासन, कर्तव्यनिष्ठा और समर्पण के साथ सेवाएं देने के बाद उप पुलिस अधीक्षक (डीएसपी) साधना सिंह सेवानिवृत्त हो गईं। इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक कार्यालय रायगढ़ में परंपरागत सेवा सम्मान समारोह आयोजित किया गया, जहां अधिकारियों और कर्मचारियों ने उन्हें सम्मानपूर्वक विदाई दी।

कार्यक्रम वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह के मार्गदर्शन में संपन्न हुआ। संचालन डीएसपी सुशांत बनर्जी ने किया। समारोह के दौरान डीएसपी साधना सिंह के सेवाकाल की यात्रा को साझा करते हुए बताया गया कि उन्होंने अविभाजित मध्यप्रदेश के जगदलपुर जिले से उप निरीक्षक के रूप में पुलिस सेवा की शुरुआत की थी। इसके बाद वे सब इंस्पेक्टर और इंस्पेक्टर के रूप में बिलासपुर, जांजगीर-चांपा, कोरबा, मुंगेली और रायगढ़ जैसे जिलों में विभिन्न दायित्वों का सफल निर्वहन करती रहीं।

वर्ष 2018 में निरीक्षक पद से पदोन्नति पाकर वे डीएसपी बनीं। पदोन्नति के बाद मुंगेली जिले में उनकी पदस्थापना रही, जहां उन्होंने जिम्मेदारी के साथ कार्य किया। बाद में रायगढ़ जिले में सेवाएं देते हुए पिछले करीब डेढ़ वर्ष से वे पुलिस मुख्यालय रायगढ़ में पदस्थ थीं।

सम्मान समारोह में एसएसपी शशि मोहन सिंह ने डीएसपी साधना सिंह को शॉल, श्रीफल और स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि साधना सिंह का 38 वर्षों का सेवाकाल न केवल पुलिस विभाग बल्कि समाज के लिए भी प्रेरणादायक है। उन्होंने ऐसे दौर में पुलिस सेवा को अपनाया, जब यह क्षेत्र महिलाओं के लिए कठिन माना जाता था, फिर भी उन्होंने हर चुनौती को साहस और आत्मविश्वास के साथ पार किया। कार्य और पारिवारिक जीवन के बीच संतुलन बनाना उनकी बड़ी उपलब्धि रही है।

एसएसपी ने उनके स्वस्थ, सुखद और उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए विभाग के प्रति उनके योगदान के लिए आभार जताया।

इस अवसर पर डीएसपी साधना सिंह के परिजन, शहर के गणमान्य नागरिकों सहित अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अनिल कुमार सोनी, अनिल कुमार विश्वकर्मा, सीएसपी मयंक मिश्रा, डीएसपी सुशांत बनर्जी, प्रोबेशनरी डीएसपी अजय नागवंशी, आरआई अमित सिंह तथा पुलिस कार्यालय के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।