नई दिल्ली। केद्र सरकार ‘अग्निपथ’ Agneepath controversy प्रशिक्षित सैन्यकर्मी के लिए रक्षा मंत्रालय में 10 percent reservation will be given in the recruitment of Defense Ministry 10 प्रतिशत नौकरियां आरक्षित करेगी, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह Home Minister Rajnath Singh announced ने आज नए सैन्य भर्ती कार्यक्रम ‘अग्निपथ’ के विरोध के बीच घोषणा की। गृम मंत्री का यह बयान ऐसे समय आया जब देश के कई राज्यों में ‘अग्निपथ’योजना को लेकर हिंसक प्रदर्शन हो रहे हैं।
सिंह ने ट्वीट किया, “10 प्रतिशत आरक्षण भारतीय तटरक्षक और रक्षा नागरिक पदों और सभी 16 रक्षा सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों में लागू किया जाएगा। यह आरक्षण पूर्व सैनिकों के लिए मौजूदा आरक्षण के अतिरिक्त होगा।”
उन्होंने कहा, “इन प्रावधानों को लागू करने के लिए प्रासंगिक भर्ती नियमों में आवश्यक संशोधन किए जाएंगे। रक्षा सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों को उनके संबंधित भर्ती नियमों में समान संशोधन करने की सलाह दी जाएगी। आवश्यक आयु में छूट का प्रावधान भी किया जाएगा।
बता दें कि ‘अग्निपथ’ विरोध प्रदर्शन केंद्र ने शुनिवार सुबह प्रदर्शनकारियों को अपना आंदोलन वापस लेने के लिए मनाने के लिए और रियायतें देने की पेशकश की। इसने केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों, या सीएपीएफ, और असम राइफल्स, जो रक्षा मंत्रालय के अंतर्गत आता है, में ‘अग्निवीर’ के लिए 10 प्रतिशत आरक्षण की घोषणा की। साथ ही गृह मंत्रालय ने सीएपीएफ और असम राइफल्स में शामिल होने के लिए ‘अग्निवर’ के लिए ऊपरी आयु सीमा से तीन साल की छूट की भी घोषणा की।
बता दें कि वर्तमान में, अर्धसैनिक बलों के पांच विंग – सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ), केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ), भारत तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी), शास्त्र सीमा बल (एसएसबी), और केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा में 73,000 से अधिक पद खाली हैं। गृह मंत्रालय के आंकड़ों से पता चलता है कि सीएपीएफ और असम राइफल्स में 73,219 पद खाली हैं। इसके अलावा केंद्र शासित प्रदेशों में पुलिस बलों में भी 18,124 पद खाली हैं।































