कोरबा। भूकंप के झटके से टीपी नगर के बड़ी इमारतों पर खतरा मंडरा रहा है। नियम विरुद्ध बन रही गगनचुंबी इमारतें ने लोगो को मौत के मुहाने पर लाकर खड़ा कर दिया है।
जानकारी के अनुसार बिलासपुर-सरगुजा संभाग के चार जिलों-गौरेला-पेण्ड्रा-मरवाही, मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर, कोरिया और कोरबा जिले में प्रातः 9 बजकर 9 मिनट पर भूकंप के झटके महसूस किए गए। जमीन में हलचल की आहट सुनाई देते ही अनेक जगहों पर अफरा-तफरी की स्थिति बन गई।
गौरेला-पेण्ड्रा-मरवाही स्थित मौसम विभाग ने पुष्टि करते हुए बताया कि भूकंप की तीव्रता रिक्टर स्केल पर 3.6 आंकी गई है। जिसका केंद्र कोरबा जिले में 22.79 अक्षांश और 82.16 देशांतर पर जमीन के 0.5 किमी नीचे था। भूकंप की वजह से कई घरों की दीवारों पर दरारें भी पड़ गई हैं।
कोरबा स्थित ट्रांसपोर्ट नगर भूकंप के विषय में सर्वाधिक संवेदनशील स्थान माना जाता है क्योंकि यहां पर नीचे की जमीन पोली है।जानकारी के अनुसार यही कारण है कि ट्रांसपोर्ट नगर क्षेत्र में एक सीमा की ऊंचाई तक ही बिल्डिंग निर्माण किया जा सकता है लेकिन नियमों को ताक पर रखकर यहां बहुमंजिला बिल्डिंग बनाये गए हैं जिससे तीव्र भूकंप आने की स्थिति में व्यापक स्तर पर जनधन की हानि हो सकती है।































