The Duniyadari : सूरजपुर। जिले में अवैध खनिज परिवहन रोकने के दौरान राजनीतिक दबाव और प्रशासनिक सख्ती का टकराव सामने आया है। मानपुर क्षेत्र में खनिज विभाग की टीम ने बिना वैध कागजात के जीरा गिट्टी ले जा रहे एक ट्रैक्टर को जब्त किया। कार्रवाई के दौरान मौके पर पहुंचे भाजपा पार्षद ने वाहन छोड़े जाने की मांग की, जिसे अधिकारियों ने नियमों का हवाला देते हुए अस्वीकार कर दिया।

बताया जा रहा है कि पार्षद ने फोन पर विधायक और जिला अध्यक्ष से अधिकारी की बात भी कराई। इसी बातचीत का वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से फैल रहा है। वीडियो में खनिज अधिकारी स्पष्ट शब्दों में कहते सुनाई दे रहे हैं कि नियमों के विरुद्ध जाकर वाहन छोड़ा नहीं जा सकता। उन्होंने यह भी कहा कि यदि सामान्य प्रक्रिया में वाहन एक माह में छूटता है, तो अवधि घटाकर 15 दिन की जा सकती है, लेकिन जब्ती वापस नहीं होगी। अधिकारी का यह बयान भी चर्चा में है कि शिकायत चाहे मुख्यमंत्री तक क्यों न की जाए, वे नियमों से पीछे नहीं हटेंगे।
इधर, भाजपा पार्षद और उनके समर्थकों का आरोप है कि खनिज अधिकारी मनमानी कार्रवाई कर राज्य की भाजपा सरकार की छवि को नुकसान पहुंचाने का प्रयास कर रहे हैं। वहीं विभागीय अधिकारियों का कहना है कि जब्त ट्रैक्टर बिना किसी वैध अनुमति के खनिज परिवहन कर रहा था और इससे पहले भी इसी वाहन पर कार्रवाई हो चुकी है। नियमानुसार वाहन को जब्त कर कोतवाली थाना के सुपुर्द किया गया है।
घटना के बाद जिले में यह मुद्दा गरमा गया है। एक ओर प्रशासनिक कार्रवाई की निष्पक्षता पर सवाल उठ रहे हैं, तो दूसरी ओर राजनीतिक हस्तक्षेप को लेकर भी नई बहस छिड़ गई है।














