The Duniyadari : सूरजपुर। शिक्षा विभाग ने विद्यालयों में अनुशासन और बच्चों की सुरक्षा को लेकर कड़ा रुख अपनाते हुए एक प्रधान पाठक के खिलाफ कठोर कार्रवाई की है। जांच में गंभीर अनुशासनहीनता प्रमाणित होने पर शासकीय प्राथमिक पाठशाला मुस्लमानपारा, प्रतापपुर में पदस्थ प्रधान पाठक सुशील कुमार कौशिक की तीन वार्षिक वेतनवृद्धि संचयी प्रभाव से रोकने का आदेश जारी किया गया है।
विभागीय जांच में यह स्पष्ट हुआ कि 21 नवंबर 2024 को संबंधित प्रधान पाठक नशे की हालत में बंदूक लेकर विद्यालय परिसर पहुंचे थे, जिससे वहां भय और तनाव का माहौल बन गया। प्रत्यक्षदर्शी शिक्षकों के बयान और स्वयं आरोपी की स्वीकारोक्ति के आधार पर सभी आरोप प्रमाणित माने गए। जांच में यह भी सामने आया कि घटना में प्रयुक्त हथियार को पुलिस ने जब्त कर सुरक्षित रखा है।
शिक्षा विभाग ने माना कि इस तरह का आचरण विद्यालय जैसे संवेदनशील स्थान के लिए बेहद गंभीर है और यह छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (आचरण) नियमों का स्पष्ट उल्लंघन है। बच्चों, शिक्षकों और कर्मचारियों की सुरक्षा को खतरे में डालने वाले इस कृत्य को गंभीर कदाचार की श्रेणी में रखा गया।
कार्रवाई के तहत प्रधान पाठक को निलंबन से बहाल करते हुए शासकीय प्राथमिक विद्यालय गरजापारा, टमकी (विकासखंड ओड़गी) में नवीन पदस्थापना दी गई है। वहीं निलंबन अवधि को केवल जीवन निर्वाह भत्ते तक सीमित रखने का निर्णय लिया गया है।
शिक्षा विभाग ने इस कार्रवाई के जरिए स्पष्ट संदेश दिया है कि विद्यालय परिसर में नशा, हथियार और अनुशासनहीन व्यवहार किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा, और बच्चों की सुरक्षा से समझौता करने वालों पर सख्त कदम उठाए जाएंगे।





























