The Duniyadari: कोरबा जिले से बड़ी और चिंताजनक खबर सामने आई है। झाबू गांव के पास स्थित राखड़ डेम अचानक फटने से एक बड़ा हादसा हो गया।
बताया जा रहा है कि डेम टूटने के दौरान मौके पर काम कर रही एक जेसीबी मशीन राखड़ के मलबे में दब गई, जिसमें उसका ऑपरेटर भी जिंदा दफन हो गया। फिलहाल अन्य किसी के दबे होने या हताहत होने की पुष्टि नहीं हुई है।
जानकारी के अनुसार यह राखड़ डेम बिजली संयंत्रों से निकलने वाले कोयले की राख से बनाया गया था। स्थानीय लोगों का आरोप है कि डेम का निर्माण और रखरखाव मानकों के अनुसार नहीं किया गया, जिसके कारण यह हादसा हुआ। घटना के बाद संयंत्र के मजदूर ही राहत और बचाव कार्य में जुटे हुए हैं, जबकि प्रशासनिक अमले के देर से पहुंचने को लेकर सवाल उठ रहे हैं।
बताया जा रहा है कि यह डेम छत्तीसगढ़ स्टेट इलेक्ट्रिसिटी बोर्ड से जुड़ा हुआ है और ग्रामीणों का दावा है कि यह अवैध रूप से संचालित किया जा रहा था। ग्रामीणों ने पहले भी राखड़ डेम को लेकर विरोध दर्ज कराया था और संभावित खतरे की चेतावनी दी थी, लेकिन उनकी शिकायतों पर गंभीरता से कार्रवाई नहीं की गई।
स्थानीय लोगों ने पर्यावरण विभाग और संबंधित अधिकारियों पर लापरवाही का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि ट्रांसपोर्टरों की मनमानी और अवैध राखड़ डेमों के कारण आसपास का वातावरण लगातार खतरे में पड़ रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि कई बार विरोध प्रदर्शन के बावजूद प्रशासन ने उनकी मांगों को नजरअंदाज किया।
अब ग्रामीणों ने राज्य शासन से मांग की है कि ऐसे अवैध राखड़ डेमों की जांच कर उन्हें तत्काल सील किया जाए और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में इस तरह की बड़ी त्रासदी से बचा जा सके।















