चंडीगढ़। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के फिरोजपुर रैली के दौरे के दौरान सुरक्षा में सेंध का एक वीडियो वायरल हुआ है। इसमें प्रदर्शनकारियों के साथ पंजाब पुलिस के जवान चाय पीते दिख रहे हैं। साथ ही प्रधानमंत्री के रूट वाली सड़क पर प्रदर्शन कर रहे लोग लाउडस्पीकर पर अन्य को एकत्र करने के लिए मुनादी कर रहे हैं। इस दौरान भी पंजाब पुलिस के कुछ जवान मूकदर्शक बने दिख रहे हैं।
इस वायरल वीडियो को लेकर पंजाब भाजपा के नेताओं ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने इस वीडियो को केंद्रीय नेतृत्व को भेज दिया है। जिस पर केंद्रीय नेतृत्व ने इस वीडियो को जांच के दायरे में लाने की बात कही है। भाजपा के नेताओं ने बताया कि प्रदर्शनकारियों ने पुल जाम कर रखा था।
प्रदर्शन कर रहे लोगों को प्रधानमंत्री के रूट में आए बदलाव की जैसे ही जानकारी मिली कि प्रधानमंत्री बठिंडा रोड से मोगा हाईवे पर आ रहे हैं तो प्रदर्शनकारियों ने लाउडस्पीकर के जरिए आवाज देनी शुरू कर दी। इसके बाद प्रदर्शनकारियों ने ट्रॉली लगाकर फ्लाईओवर को पूरी तरह जाम कर दिया। इसके बाद प्रधानमंत्री पुल पर लगभग 20 मिनट तक फंसे रहे। रास्ता मिलने के बाद प्रधानमंत्री वहां से वापस निकले।
न्यूज डेस्क।उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव के ऐलान से चंद दिन पहले सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) और समाजवादी पार्टी (सपा) में माफियाओं को संरक्षण देने के आरोप-प्रत्यारोप लग रहे हैं. सपा ने अब बाहुबली और पूर्व सांसद धनंजय सिंह का एक वीडियो ट्वीट करते हुए योगी सरकार पर जमकर निशाना साधा है.
सपा के प्रवक्ता जितेंद्र वर्मा जीतू ने ट्वीट किया- ‘ये ब्राम्हण होता तो गाड़ी पलट जाती ये, मुस्लिम होता तो घर गिरा दिया जाता, ये पिछड़ी व दलित जाति से होता तो फर्जी इनकाउंटर होता, ये यादव होता तो कोतवाली में हत्या हो जाती, ये मुख्यमंत्री जी की जाति का ठाकुर है, इसलिए बचा है.’
सपा ने ट्वीट किया वीडियो
क्रिकेट खेलते हुए धनंजय सिंह का वीडियो ट्वीट करते हुए सपा ने लिखा, ‘फर्क साफ है! मुख्यमंत्री से जुड़े माफिया ‘खेल’ रहे क्रिकेट, 25000 के इनामी माफिया धनंजय सिंह सत्ता के संरक्षण में पुलिस की नाक के नीचे ले रहे खुले आसमान के नीचे खेल का मजा, “डबल इंजन” सरकार के बुलडोजर को नहीं मालूम इनका पता! जनता सब देख रही, बाईस में भाजपा साफ.’
फर्क साफ है!
मुख्यमंत्री से जुड़े माफिया ‘खेल’ रहे क्रिकेट।
25000 के इनामी माफिया धनंजय सिंह सत्ता के संरक्षण में पुलिस की नाक के नीचे ले रहे खुले आसमान के नीचे खेल का मजा।
"डबल इंजन" सरकार के बुलडोजर को नहीं मालूम इनका पता!
मुंबई। महाराष्ट्र में कोरोना संक्रमण की रफ्तार थमने का नाम नहीं ले रही है। राज्य के स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा जारी आंकड़ों के मुताबिक, बुधवार शाम तक प्रदेश में कुल 26,538 नए मामले सामने आए। वहीं, इस महामारी से 8 लोगों की मौत हो गई। हालांकि, 5,331 लोग आज अस्पताल से डिस्चार्ज भी हुए हैं। महाराष्ट्र में इस समय सक्रिय मामले बढ़कर 87,505 हो गए हैं।
कोरोना वायरस के नए वैरिएंट ओमिक्रॉन की बात करें तो अब तक महाराष्ट्र में 797 मामले सामने आए हैं। हालांकि, 330 मरीज रिकवर भी कर गए हैं। बीएसी के मुताबिक, मुंबई में कोरोना वायरस संक्रमण के 15,166 नए मामले सामने आए हैं। ये अब तक एक दिन में सामने आए मामलों की सर्वाधिक संख्या है। शहर में संक्रमित लोगों की संख्या बढ़कर 8,33,628 हो गई है। वहीं, तीन मरीजों की मौत के बाद मृतकों संख्या 16,384 तक पहुंच गई है।
तो मुंबई में लग जाएगा लॉकडाउन
हाल ही में मुंबई की मेयर किशोरी पेडनेकर ने कहा था कि अगर कोरोना के दैनिक मामले 20 हजार से अधिक सामने आते हैं तो हमें मुंबई में लॉकडाउन लगाना होगा। आपको बता दें कि अगर इसी रफ्तार से मामले बढ़ते रहे तो मुंबई उस संख्या को जल्दी ही छू लेगा और शहर में लॉकडाउन लगाना पड़ेगा।
कार्डेलिया क्रूज पर तैनात और 143 लोग कोरोना संक्रमित
मुंबई पहुंचे कार्डेलिया क्रूज पोत पर सवार 1,827 यात्रियों में 143 कोरोना वायरस से संक्रमित मिले हैं, ये मरीज पूर्व में संक्रमित पाए गए 66 यात्रियों के अलावा हैं।
रायपुर।प्रदेश में कोरोना के मरीजों का आंकड़ा 1615 पहुंच चुका है। वहीं आज सबसे ज्यादा रायपुर में 491, बिलासपुर में 250, दुर्ग में 187, रायगढ़ में 157 मरीज मिले है। साथ ही रायपुर में एक की मौत हुई है…
बलरामपुर। देश में कोरोना और ओमिक्रॉन के बढ़ते संक्रमण के बीच 15 से 18 साल के किशोरों का वैक्सीनेशन शुरू हो चुका है। इसी बीच आज छत्तीसगढ़ के बलरामपुर जिले के वाड्रफनगर में चल रहे टीकाकरण के दौरान कोरोना वैक्सीन लगाने के बाद 3 छात्राएं बेहोश हो गई है। उन्हें तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया। जिसके बाद स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मचा हुआ है।
बताया जा रहा है कि तीनों जिले के पशुपतिपुर हाई स्कूल की छात्राएं हैं। फिलहाल डॉक्टरों की निगरानी में उनका इलाज चल रहा है। स्वास्थ्य विभाग ने इसकी जानकारी उच्च अधिकारियों को दी है,जिसके बाद प्रशासन में हड़कंप मच गया। इधर स्वास्थ्य विभाग छात्राओं के बेहोशी के पीछे का कारण जानने में जुटी है। परिजनों के मुताबिक वैक्सीन लगने के बाद तीनों छात्राओं को सांस लेने में दिक्कत होने लगी और एक-एक करके तीनों बेहोश हो गईं।
बता दें कि छत्तीसगढ़ में 15 से 18 वर्ष के किशोरों का टीकाकरण शुरू होने के पहले दो दिनों में ही प्रदेश भर में इस आयु वर्ग के कुल लक्ष्य के 20 प्रतिशत से अधिक को टीका लगाया जा चुका है। शुरूआती दो दिनों में ही मुंगेली जिले ने अपने कुल लक्ष्य के 56 प्रतिशत, धमतरी ने 50 प्रतिशत, कोंडागांव ने 43 प्रतिशत, कांकेर और गरियाबंद ने 38-38 प्रतिशत, राजनांदगांव ने 29 प्रतिशत, बालोद और दुर्ग ने 28-28 प्रतिशत, महासमुंद ने 26 प्रतिशत तथा बलौदाबाजार, कोरिया और सूरजपुर ने 21-21 प्रतिशत किशोरों को कोरोना से बचाव के लिए पहला टीका लगा चुके हैं। 3 जनवरी और 4 जनवरी को मिलाकर प्रदेश भर में तीन लाख 35 हजार 653 किशोरों का टीकाकरण किया जा चुका है।
नई दिल्ली। स्विट्जरलैंड में रहने वाले एक कुर्दिश शरणार्थी डेडवेन यूसुफ ने 11 साल की उम्र में ऐसा फैसला लिया जिसने उनके सपनों को आसमान पर पहुंचा दिया।
यूसुफ ने कभी सपने में भी नहीं सोचा था कि अगले 10 साल में वह करोड़पति बन जाएगा। लेकिन, यूसुफ ने जो सपना कभी लिया ही नहीं था उसे क्रिप्टोकरंसी ने सच कर दिखाया। 11 साल की उम्र में यूसुफ ने अपने खिलौने बेचकर बिटकॉइन खरीदे थे और सिर्फ 10 साल में मतलब 21 की उम्र में वह स्विट्जरलैंड का पहला सेल्फमेड करोड़पति बन गया।
0..दादी के इलाज के लिए खरीदे थे बिटकॉइन
कभी पाई-पाई को मोहताज यूसुफ ने अब अपनी क्रिप्टोकरेंसी लॉंच कर दी है। उसके पास वो सबकुछ है जिन्हें पाने की ख्वाहिश हर युवा रखता है। 11 साल की उम्र में यूसुफ ने जो बिटकॉइन खरीदे थे, वो उसने अमीर होने के लिए नहीं बल्कि अपनी दादी के इलाज के लिए खरीदे थे।
0…ऐसे बदली जिंदगी
यूसुफ ने ब्रिटिश समाचार पत्र द सन को बताया कि उसके माता-पिता अत्यंत गरीब थे, वो स्विट्जरलैंड के Ipsach इलाके में रहते थे। यहां के कुछ बच्चे खिलौने गली में रख जाते थे जिसे वो उन्हें उठा लेता और उनसे खेलता था। कई बार गरीब बच्चा समझकर आसपास के लोग खिलौने उपहार में दे देते थे। यूसुफ की दादी उनसे दूर रहती थी और बीमार थी। उसके माता-पिता अक्सर बीमारी का जिक्र किया करते और रुपए भेजने की योजना बनाते।
0..बेच दिए खिलौने
एक दिन यूसुफ ने अपने सारे खिलौने बेच दिए। उसे खिलौनों के बदले 250 Swiss Francs मिले, यह राशि 20 हजार भारतीय रुपये से थोड़ी सी ज्यादा थी। ऐसा उसने अपनी दादी के इलाज के लिए पैसे भेजने के लिए किया था तब उसकी उम्र 11 साल थी। अपनी दादी के पास विदेश में पैसा भेजने के तरीके खोजते वक्त ही सबसे पहले उसने बिटकॉइन का नाम सुना।
0…पिता ने बिटकॉइन को बताया गेम मनी
सबसे पहले वह पैसे लेकर एक मनी एक्सचेंज कियोस्क पर गया। वहां पर मौजूद महिला ने बिटकॉइन का नाम भी नहीं सुना था। फिर यूसुफ ने अपने पिता से इस बारे में बात की। पिता ने इसे मजाक समझा और कहा- “तुम पागल हो गए हो, रियल मनी के बदले गेम मनी लेना चाहते हो। लेकिन, यूसुफ की जिद के आगे पिता हार गए। पिता को उसने खिलौने बेचकर कमाये 250 Swiss Francs दे दिये और बदले में पिता से उनका क्रेडिट कार्ड ले लिया। क्रेडिट कार्ड से ही यूसुफ ने शुरू में €15 -€15 में 10 Bitcoins खरीदे।
0…स्विट्जरलैंड का 21 साल का पहला सेल्फ-मेड करोड़पति बनने का सपना हुआ पूरा
इसके एक साल बाद यूसुफ ने $13.53 प्रति पीस के हिसाब से 1000 बिटकॉइन खरीदे। 2016 में उसने 16,000 इथेरियम खरीदे। हालांकि, वह 17 साल की उम्र में ही क्रिप्टोकरेंसी से करोड़पति बन चुका था, लेकिन उसे 2020 तक कोई कैश नहीं मिला था। 2020 में उसने क्रिप्टोकरेंसी को कैश किया और स्विट्जरलैंड का 21 साल का पहला सेल्फ-मेड करोड़पति बन गया।
कोरबा। आयुक्त कुलदीप शर्मा ने आज निगम अफसरों की टीम को साथ लेकर पूरे कोरबा शहर का भ्रमण किया, शहर की सड़क पर उतरकर एवं चौक-चौराहों पर घंटों खडे़ रहकर बिना मास्क पहने आवाजाही करने वाले लोगों को मास्क पहनवाया, उन्हें समझाईश दी कि वे बिना मास्क पहने घर के बाहर न निकलें, इसके साथ ही ऐसे लोगों पर निगम अमले ने अर्थदण्ड भी लगाया।
कोरोना के बढ़ते संक्रमण को देखते हुए संक्रमण के प्रसार को रोकने तथा बचाव व सुरक्षा हेतु जिला प्रशासन के साथ-साथ नगर निगम प्रशासन द्वारा सभी एहतियाती कदम उठाए जा रहे हैं, एक तरफ जहॉं लाउण्डस्पीकर से मुनादी कराकर लगातार लोगों को कोरोना संक्रमण के प्रति जागरूक किया जा रहा है, वहीं दूसरी ओर सार्वजनिक स्थानों, कार्यालयों, बाजारों, आवासीय व व्यवसायिक क्षेत्रों का सेनेटाईजेशन व विशेष साफ-सफाई का कार्य निगम लगातार कर रहा है, मास्क न लगाने व सोशल डिस्टेंसिंग का पालन न करने वालों पर अर्थदण्ड की कार्यवाही भी लगातार जारी है, इसके बावजूद लोग बिना मास्क पहने घरों से निकलकर बाजारों, सार्वजनिक स्थानों में पहुंच रहे हैं तथा संक्रमण के प्रति लापरवाही बरत रहे हैं। आज आयुक्त कुलदीप शर्मा ने निगम की टीम के साथ शहर का दौरा किया, इस दौरान आयुक्त श्री शर्मा तानसेन चौक, कोसाबाड़ी चौक, सुभाष चौक निहारिका, घंटाघर चौक, महाराणा प्रताप चौक बुधवारी, जैन चौक, सी.एस.ई.बी.चौक, टी.पी.नगर चौक होते हुए पुराने कोरबा शहर गीतांजलि भवन, पुराना बस स्टैण्ड पहुंचे, उन्होने सड़क पर उतरकर लोगों को मास्क लगाने व कोविड प्रोटोकाल का पालन करने हेतु समझाईश दी तथा चौक-चौराहों पर घंटों खडे़ रहकर बिना मास्क पहने आवाजाही करने वाले लोगों को मास्क पहनवाया, हिदायत दी, इसके साथ ही मौके पर उपस्थित निगम अमले ने अर्थदण्ड भी लगाया।
सब्जी विक्रेताओं व खरीददारों को पहनाया मास्क- आयुक्त श्री शर्मा के निर्देश पर निगम का अमला कोसाबाड़ी सब्जी बाजार की दुकानों में पहुंचा, सब्जी बेचने वालों को मास्क पहनाया व उन्हें कड़ी समझाईश दी कि वे मास्क अवश्य पहने, इस दौरान बिना मास्क पहने सब्जी खरीदने पहुंचे लोगां को भी निगम अमले के द्वारा मास्क पहनाया गया, समझाईश देने के साथ ही अर्थदण्ड भी लगाया गया।
अभी तक 15600 रूपये लगा अर्थदण्ड- मास्क न पहनने वालों पर निगम द्वारा लगातार अर्थदण्ड की कार्यवाही की जा रही है, विगत तीन दिनों से की जा रही इस कार्यवाही के दौरान अब तक 15600 रूपये का अर्थदण्ड लगाया गया। इसी कड़ी में आज मास्क न लगाने वालों पर 10500 रूपये अर्थदण्ड आरोपित हुआ। प्राप्त जानकारी के अनुसार आज कोरबा जोनांतर्गत 3600 रूपये, टी.पी.नगर जोनांतर्गत 1200 रूपये, कोसाबाड़ी जोनांतर्गत 2500 रूपये, पं.रविशंकर शुक्ल जोनांतर्गत 700 रूपये, बालको जोनांतर्गत 500 रूपये, दर्री जोनांतर्गत 1600 रूपये व सर्वमंगला जोनांतर्गत 400 रूपये का अर्थदण्ड लगाया गया।
कोरबा। छुरी निवासी चरण दास महंत के घर फ़िल्मी स्टाइल में 4 नकाबपोशों ने घुसकर 29 हजार नकदी सहित 2 लाख के जेवरात ले उड़े। चोरो ने बाकायदा परिवार के लोगो को चोरी की सुचना पुलिस को न देने की धमकी और नकदी रकम सहित सोने के आभूषण पार कर दिए। अब मामला कटघोरा थाना पहुंचा तो पुलिस ने चोरी की रिपोर्ट दर्ज की है।
बता दें कि कटघोरा थाना अंतर्गत ग्राम छुरीखुर्द में यह घटना कृषक चरणदास महंत के निवास में हुई। चरणदास की पुत्री बैशाखा बाई अपने पति मनबोध दास मंहत के साथ मायके में रहती है। एक जनवरी की रात को भोजन कर सो गए थे। रात करीब एक बजे घर में आहट सुनकर बैशाखा बाई व उसके पति मनबोध दास की नींद खुल गई। तब उन्होंने देखा कि चार लोग घर के अंदर कमरे में चोरी करने की नियत से घुस गए हैं। सभी के चेहरे ढके थे। दंपति को उठाने पर एक नकाबपोश व्यक्ति ने मनबोध का हाथ पकड़ लिया तथा दूसरा अज्ञात चोर पत्नी का गला दबाते हुए रूपये पैसे और सोने चांदी के जेवरात की जानकारी मांगी। डर कर दीवान की तरफ इशारा की। बदमाशों ने दीवान खोलकर उसमें रखे पेटी को बाहर निकाला व उसमें रखे चार हजार रूपये नगद, सोना का दो मंगल सूत्र दो हार, कान का सोना का टफ एक जोडी, कान में पहनने वाला सोना का झुमका एक जोड़ी, एक सोना का अंगूठी, चांदी का पायल दो जोड़ी, नाक की फूल्ली सोना का दो नग निकाल कर रख लिए। इसके बाद दूसरे कमरे में उसे ले जाकर बैठा दिए और वहां रखे दीवान को खोलकर उसमें से एक काले रंग का हैंड बैग से 25 हजार रूपये नगद, एक जोड़ी चांदी का पायल व तीन चांदी का सिक्का की चोरी करके ले गए। भागते वक्त बदमाशों ने पुलिस को घटना की जानकारी देने पर जान से मारने की धमकी दी। बदमाशों के भागने के बाद घटना की जानकारी अपने पिता चरण दास, पड़ोसी कमलेश दास, जयपाल दास एवं गांव के कोटवार घनश्याम लाल दी। वहीं मामले की रिपोर्ट कटघोरा थाना में दर्ज कराई गई। उन्होंने बताया कि बदमाशों ने लगभग दो लाख रूपये मूल्य का सोना तथा चांदी का आभूषण व नगद रकम लूट ली। कटघोरा पुलिस ने इस मामले में धारा 380 के तहत अज्ञात आरोपितों के खिलाफ मामला दर्ज किया है.
वर्सन
छुरी निवासी चरणदास महंत के घर हुई चोरी की सूचना पर मौके पर जाकर डॉग स्कॉयड बाघा की मदद से आरोपियों तक पहुंचने का प्रयास किया पर नकाबपोश बदमाशों का सुराग नहीं मिल सका है। बहरहाल पुलिस प्रार्थी की रिपोर्ट पर अपराध अपराध दर्ज कर मामले की जाँच की जा रही है।
बिलासपुर/रायपुर। बिलासपुर जिले से एक बड़ी खबर सामने आ रही है। यहां ओमिक्रॉन के एक मरीज की पुष्टि हुई।
स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने बताया कि संयुक्त अरब अमीरात से लौटे बिलासपुर जिले के एक 52 वर्षीय व्यक्ति के कोरोना पीड़ित होने के बाद उसका सैंपल जिनोमिक सिक्वेंसिंग जांच (WGS) के लिए इंस्टीट्यूट ऑफ लाइफ साइंसेज भुवनेश्वर भेजा गया था। स्वास्थ्य विभाग को आज जांच रिपोर्ट मिली है जिसमें कोविड-19 के ओमिक्रॉन (“Omicron” B.1.1529) वेरिएंट की पुष्टि हुई है।