The Duniyadari: Raipur- छत्तीसगढ़ स्टेट मार्केटिंग कॉर्पोरेशन लिमिटेड CSMCL में बड़ा घोटाला सामने आया है। जांच में 115 करोड़ रुपये के फर्जी ओवरटाइम भुगतान का खुलासा हुआ है। इस मामले में EOW ने कार्रवाई करते हुए 7 मैनपावर एजेंसी संचालकों को गिरफ्तार किया है।
EOW को शिकायत मिली थी कि CSMCL के तहत शराब दुकानों में काम करने वाले प्लेसमेंट कर्मचारियों के नाम पर फर्जी ओवरटाइम बिल लगाकर करोड़ों का भुगतान किया जा रहा है। शुरुआती जांच में पता चला कि 2021 से 2024 के बीच मैनपावर एजेंसियों ने कर्मचारियों की ड्यूटी 8 घंटे की जगह 12-16 घंटे दिखाकर ओवरटाइम क्लेम किया। हकीकत में न तो कर्मचारी इतनी देर ड्यूटी पर थे और न ही उन्हें ओवरटाइम का पैसा मिला।
जांच एजेंसी के मुताबिक एजेंसियों ने CSMCL के कुछ अफसरों से मिलीभगत कर फर्जी मस्टररोल और बिल तैयार किए। करीब 115 करोड़ रुपये का भुगतान एजेंसियों को कर दिया गया। भुगतान के बाद रकम को आपस में बांट लिया गया।
EOW ने रायपुर, बिलासपुर और दुर्ग में एक साथ छापेमारी कर 7 एजेंसी संचालकों को हिरासत में लिया। इनके दफ्तरों और घरों से लैपटॉप, फर्जी बिल, मस्टररोल और बैंक दस्तावेज जब्त किए गए हैं। गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ जारी है। CSMCL के जिन अफसरों की भूमिका संदिग्ध है, उन पर भी जल्द कार्रवाई हो सकती है।
EOW के एसपी ने बताया कि घोटाले की रकम और बढ़ सकती है। कई और एजेंसियां रडार पर हैं। फिलहाल आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी, फर्जीवाड़ा और आपराधिक साजिश की धाराओं में केस दर्ज किया गया है।















