The Duniyadari: Raigarh- पूंजीपथरा क्षेत्र में स्थित श्री रूपेश स्टील कंपनी के लेबर क्वार्टर में हुए दर्दनाक हादसे के मामले में पुलिस ने कंपनी के दो संचालकों के खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज किया है। मर्ग जांच के दौरान सामने आई लापरवाही के आधार पर यह कार्रवाई की गई है। पुलिस अब पूरे मामले की विस्तृत जांच में जुटी है।
जानकारी के अनुसार, 18 जून को आए तेज आंधी-तूफान और बारिश के दौरान कंपनी परिसर के पास बनी बाउंड्री वॉल अचानक भरभराकर गिर गई। दीवार के मलबे की चपेट में आने से लेबर क्वार्टर में रह रहे मजदूर रंभा यादव, सुनील परमार और उनकी पत्नी रिंकी डेलकी दब गए। तीनों को तत्काल रायगढ़ मेडिकल कॉलेज पहुंचाया गया, जहां इलाज के दौरान 30 वर्षीय रंभा यादव, निवासी पहाड़ लुडेग (थाना लैलूंगा), ने दम तोड़ दिया। वहीं सुनील परमार और रिंकी डेलकी गंभीर रूप से घायल हैं और उनका उपचार जारी है।
पुलिस जांच में सामने आया कि कंपनी संचालक दयानंद अग्रवाल और शंकर अग्रवाल ने क्रेशर प्लांट परिसर में महालक्ष्मी कास्टिंग प्राइवेट लिमिटेड की बाउंड्री वॉल से सटाकर पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था के बिना लेबर क्वार्टर का निर्माण कराया था। प्रारंभिक जांच में सुरक्षा मानकों की अनदेखी और निर्माण में लापरवाही के संकेत मिलने पर दोनों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 106(1) और 125(ए) के तहत अपराध दर्ज किया गया है।
पुलिस का कहना है कि मामले के सभी तकनीकी और कानूनी पहलुओं की गंभीरता से जांच की जा रही है। विवेचना के दौरान जो भी तथ्य और साक्ष्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।















