Friday, March 13, 2026
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घरेलू गैस सिलेंडर के अवैध उपयोग पर प्रशासन की कार्रवाई, होटलों से सिलेंडर जब्त

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The Duniyadari: मुंगेली- जिले में घरेलू एलपीजी सिलेंडरों के व्यावसायिक उपयोग पर रोक लगाने के लिए प्रशासन ने सख्त रुख अपनाते हुए होटलों में विशेष जांच अभियान चलाया। कलेक्टर कुंदन कुमार के निर्देश पर खाद्य और राजस्व विभाग की संयुक्त टीम ने विभिन्न व्यावसायिक प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया, जहां नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर कई घरेलू गैस सिलेंडर जब्त किए गए।

जांच अभियान के तहत सबसे पहले ग्राम सारधा स्थित प्रिंस होटल में निरीक्षण किया गया। यहां होटल के किचन में 14 किलो क्षमता वाले दो भरे हुए और चार खाली घरेलू लाल गैस सिलेंडर मिले। जांच में पाया गया कि इन सिलेंडरों का उपयोग होटल में नाश्ता और मिठाई बनाने के लिए किया जा रहा था, जो एलपीजी प्रदाय, वितरण एवं विनिमय आदेश 2000 के नियमों का उल्लंघन है। इसके बाद टीम ने दाऊपारा स्थित श्रीराम होटल में भी जांच की, जहां 14.2 किलो क्षमता के चार घरेलू गैस सिलेंडर अवैध रूप से उपयोग में पाए गए।

अधिकारियों ने बताया कि घरेलू सिलेंडरों का इस्तेमाल केवल घरों के लिए निर्धारित है, जबकि होटलों और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में कमर्शियल सिलेंडरों का उपयोग अनिवार्य है। नियमों के विपरीत घरेलू सिलेंडरों का उपयोग करना न केवल अवैध है बल्कि इससे सुरक्षा संबंधी जोखिम भी बढ़ जाते हैं।

जांच के दौरान जब्त किए गए सभी सिलेंडरों को संबंधित गैस एजेंसियों के सुपुर्द कर दिया गया है और आगे की वैधानिक कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जिले में इस तरह के अभियान आगे भी जारी रहेंगे ताकि एलपीजी के अवैध उपयोग और जमाखोरी पर रोक लगाई जा सके।

कलेक्टर कुंदन कुमार ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि ऐसे मामलों में नियमित निगरानी रखी जाए और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। साथ ही होटल संचालकों और अन्य व्यवसायियों को भी चेतावनी दी गई है कि वे घरेलू गैस सिलेंडरों का व्यावसायिक उपयोग करने से बचें, अन्यथा उनके खिलाफ जुर्माना और कानूनी कार्रवाई की जा सकती है।

प्रशासन ने आम नागरिकों से भी अपील की है कि यदि कहीं घरेलू गैस सिलेंडरों का अवैध उपयोग होता दिखाई दे तो इसकी सूचना संबंधित विभाग को दें, ताकि समय पर कार्रवाई की जा सके और एलपीजी की आपूर्ति व्यवस्था सुचारू बनी रहे।