Saturday, October 10, 2026
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नगरीय प्रशासन के प्रमुख सचिव सोनमणि बोरा सख्त, अधिकारियों को रोजाना मैदान में उतरकर कामकाज की निगरानी करने के निर्देश

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The Duniyadari: रायपुर। भिलाई नगर निगम की व्यवस्थाओं को दुरुस्त करने और आम नागरिकों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग ने सख्त रुख अपनाया है। विभाग के प्रमुख सचिव सोनमणि बोरा ने अधिकारियों को स्पष्ट संदेश दिया कि सरकारी सेवाओं में अनावश्यक देरी और कामकाज में लापरवाही अब स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने दीपावली के मद्देनजर सफाई व्यवस्था मजबूत करने, लंबित परियोजनाओं को गति देने और लोगों की शिकायतों पर तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा।

नवा रायपुर के सर्किट हाउस में हुई समीक्षा बैठक में भिलाई नगर निगम की कार्यप्रणाली, विकास योजनाओं और जनसुविधाओं से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की गई। बोरा ने अधिकारियों को अपनी जिम्मेदारियों के प्रति गंभीर रहने और नागरिकों के साथ संवेदनशीलता से पेश आने की हिदायत दी। बैठक में विभाग के संचालक नीलेश क्षीरसागर, सूडा के मुख्य कार्यपालन अधिकारी सुमीत अग्रवाल और नगर निगम आयुक्त सुरुचि सिंह समेत वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए।

सुबह-सुबह क्षेत्रों में पहुंचेंगे अधिकारी

नगर निगम के प्रशासनिक अमले को सक्रिय रखने के लिए प्रमुख सचिव ने जोन कमिश्नरों, उपायुक्तों और अपर आयुक्तों को प्रतिदिन सुबह अपने-अपने क्षेत्रों का निरीक्षण करने को कहा। इस दौरान सफाई, नागरिक सुविधाओं और विकास कार्यों की वास्तविक स्थिति का जायजा लेना होगा। निरीक्षण में सामने आने वाली समस्याओं और कार्यों की प्रगति की जानकारी तय किए गए समूह में साझा करनी होगी, जिससे कमियों को दूर करने के लिए समय रहते कदम उठाए जा सकें।

त्योहार से पहले सफाई व्यवस्था सुधारने पर जोर

दीपावली के दौरान शहर में स्वच्छता बनाए रखना निगम प्रशासन की प्राथमिकता होगी। बोरा ने कचरे के नियमित उठाव से लेकर उसके वैज्ञानिक निपटान तक पूरी व्यवस्था को प्रभावी बनाने के निर्देश दिए। स्वच्छ भारत मिशन (शहरी) 2.0 के तहत कचरा प्रसंस्करण से संबंधित सुविधाओं और संयंत्रों के काम में भी तेजी लाने को कहा गया। अधिकारियों को सफाई व्यवस्था की लगातार निगरानी कर यह सुनिश्चित करना होगा कि शहर में कचरे का जमाव न हो।

वित्त आयोग के कार्यों की धीमी रफ्तार पर नाराजगी

विकास कार्यों की समीक्षा के दौरान 15वें वित्त आयोग से स्वीकृत परियोजनाओं की प्रगति अपेक्षा के अनुरूप नहीं मिलने पर प्रमुख सचिव ने असंतोष जताया। उन्होंने अधूरे निर्माण कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा कराने और काम में बाधा बन रही तकनीकी समस्याओं का जल्द समाधान निकालने को कहा। अधिकारियों को नियमित निरीक्षण के जरिए परियोजनाओं की निगरानी करने और तय समय में काम पूरा कराने की जिम्मेदारी सौंपी गई।

आवास योजना में जरूरतमंदों की सुविधाओं का ध्यान

प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) 2.0 के तहत बनने वाले मकानों की समीक्षा करते हुए बोरा ने निर्माण में सुरक्षा और सुविधाओं को महत्व देने की बात कही। उन्होंने बुजुर्गों, महिलाओं, दिव्यांगजनों और बच्चों की जरूरतों को ध्यान में रखकर आवास तैयार कराने के निर्देश दिए। योजना के पात्र हितग्राहियों के लंबित मामलों का भी जल्द निराकरण करने को कहा, ताकि लाभ पाने के योग्य लोगों को अनावश्यक इंतजार न करना पड़े। इसके साथ ही ई-बस सेवा शुरू करने की तैयारियों में तेजी लाने पर भी जोर दिया गया।

पानी, राजस्व और डिजिटल सेवाओं पर निगरानी

बैठक में जलापूर्ति व्यवस्था, जल संरक्षण, मिशन अमृत और तालाबों के रखरखाव से जुड़े कार्यों पर भी चर्चा हुई। प्रमुख सचिव ने उपलब्ध जल स्रोतों को सुरक्षित रखने और आने वाले समय में पानी की जरूरतों को देखते हुए योजनाबद्ध तरीके से काम करने को कहा। वहीं संपत्ति कर की वसूली, ग्रीन बॉन्ड, बिजली बिलों और अन्य वित्तीय मामलों की समीक्षा कर निगम की आय बढ़ाने पर ध्यान देने के निर्देश दिए गए। ऑनलाइन नागरिक सेवाओं और ई-ऑफिस व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाने की जरूरत भी बताई गई।

निदान-1100 की शिकायतों को लंबित रखने पर रोक

नागरिकों की समस्याओं के समाधान को लेकर बोरा ने निदान-1100 पर दर्ज शिकायतों की नियमित समीक्षा करने को कहा। उन्होंने निर्देश दिया कि प्रत्येक शिकायत का निराकरण निर्धारित समय-सीमा के भीतर किया जाए और विभागों के बीच समन्वय की कमी से कोई मामला लंबित न रहे। बैठक में अपर संचालक पुलक भट्टाचार्य, संयुक्त संचालक मिथिलेश अवस्थी, मुख्य अभियंता राजेश शर्मा सहित संबंधित विभागों और नगर निगम के अधिकारी एवं अभियंता मौजूद रहे।