The Duniyadari: KORBA- बिजुरी थाना क्षेत्र के वार्ड-7 भालूगुडार में शुक्रवार को दोहरे हत्याकांड से सनसनी फैल गई। घर के अंदर महिला और बाहर पुरुष का खून से लथपथ शव मिला है। पुलिस प्रथम दृष्टया इसे प्रेम प्रसंग से जुड़ा मामला मानकर जांच कर रही है।
*लल्ली और सुरेन्द्र सोनी के रूप में हुई पहचान*
मृतकों की पहचान लल्ली और सुरेन्द्र सोनी के रूप में हुई है। महिला का शव घर के भीतर खून से सना पड़ा था, जबकि पुरुष का शव घर के बाहर रक्तरंजित हालत में मिला। सूचना पर बिजुरी पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। पंचनामा कार्रवाई पूरी कर ली गई है।
*IG, एडिशनल SP मौके पर पहुंचे*
वारदात की गंभीरता को देखते हुए शहडोल रेंज के IG, एडिशनल SP, SDOP और थाना प्रभारी विकास सिंह भारी पुलिस बल के साथ घटनास्थल पहुंचे। FSL टीम और डॉग स्क्वॉड को भी बुलाया गया। टीम ने मौके से जरूरी साक्ष्य और सैंपल जुटाए हैं।
*प्रेम प्रसंग का एंगल*
थाना प्रभारी विकास सिंह ने बताया कि शुरुआती जांच में मामला प्रेम प्रसंग से जुड़ा लग रहा है। हालांकि पुलिस हत्या के सभी पहलुओं पर जांच कर रही है। आसपास के लोगों से पूछताछ जारी है। पुलिस जल्द खुलासे का दावा कर रही है।
The Duniyadari: Raigarh- पूंजीपथरा थाना क्षेत्र के तुमीडीह डैम किनारे जंगल में 12 मई को मिली अर्धनग्न युवती की लाश की पहचान हो गई है। मृतका 31 वर्षीय महिला अधिवक्ता थी जो लैलूंगा ब्लॉक की रहने वाली थी और रायगढ़ जिला अधिवक्ता संघ की सदस्य थी।
*धारदार हथियार से हत्या, पहचान मिटाने की कोशिश*
पुलिस के मुताबिक युवती का शव औंधे मुंह जमीन पर पड़ा था और कपड़े आसपास बिखरे मिले। हत्यारों ने पहचान छिपाने के लिए चेहरा पत्थर से कुचल दिया था। गर्दन के पीछे धारदार हथियार के गहरे जख्म भी मिले हैं। प्रथम दृष्टया मारपीट के बाद हत्या की आशंका है।
*बहन को आया संदिग्ध कॉल*
मृतका की बहन बेंगलुरु से रायगढ़ पहुंची। उसने बताया कि 12 मई को दीदी का फोन बंद था। 13 मई को जब फोन ऑन हुआ तो किसी दूसरी लड़की ने उठाया और मृतका की आवाज में बात करने की कोशिश की। उसने कहा कि “दीदी सो रही हैं”। इसके बाद सीधे शव मिलने की खबर आई। बहन ने कहा कि फिलहाल किसी पर शक नहीं है, लेकिन दोषियों की जल्द गिरफ्तारी हो।
*अधिवक्ता संघ ने सौंपा ज्ञापन*
शुक्रवार को जिला अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष लालमणि त्रिपाठी के नेतृत्व में वकीलों ने SSP को ज्ञापन सौंपा। संघ ने निष्पक्ष जांच और सख्त कार्रवाई की मांग की। त्रिपाठी ने बताया कि मृतका ने जनवरी 2026 में ही संघ की सदस्यता ली थी। वह जूनियर अधिवक्ता के तौर पर प्रैक्टिस कर रही थी।
अधिवक्ताओं ने ऐलान किया है कि इस केस में आरोपी की पैरवी कोई भी स्थानीय वकील नहीं करेगा। बाहर से आने वाले वकीलों से भी पैरवी न करने का अनुरोध किया जाएगा। पुलिस मामले की हर एंगल से जांच कर रही है।
सुशासन तिहार 2026 के अंतर्गत आज ब्लॉक पोड़ी-उपरोड़ा के दूरस्थ ग्राम पंचायत सिरमिना में जनसमस्या निवारण शिविर का सफलतापूर्वक आयोजन किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में श्री तुलेश्वर हीरा सिंह मरकाम, विधायक पाली-तानाखार उपस्थित रहे। उनके साथ श्रीमती माधुरी देवी तंवर, अध्यक्ष जनपद पंचायत पोड़ी-उपरोड़ा, उपाध्यक्ष श्री प्रकाश चंद जाखड़, जिला पंचायत सदस्य विद्वान मरकाम, एसडीएम श्री मनोज कुमार बंजारे, जनपद सीईओ श्री जय प्रकाश डड़सेना, जनपद सदस्य, ग्राम पंचायतों के सरपंच, सचिव, रोजगार सहायक तथा विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे। क्लस्टर की सभी 11 ग्राम पंचायतों के प्रतिनिधियों ने भी शिविर में सहभागिता की।
शिविर में ग्रामीणों की मांगों एवं शिकायतों से संबंधित कुल 796 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें से 143 आवेदनों का मौके पर ही संबंधित विभागों द्वारा त्वरित निराकरण किया गया। शेष आवेदनों पर नियमानुसार कार्यवाही जारी है। शिविर में अतिथियों के कर-कमलों से खाद्य विभाग द्वारा आठ हितग्राहियों को नवीन राशन कार्ड, पंचायत और मनरेगा विभाग द्वारा दस जॉब कार्ड, कृषि विभाग द्वारा पंप सेट, उद्यान विभाग द्वारा सब्जी बीज तथा सहकारिता विभाग द्वारा तीन हितग्राहियों को चेक का वितरण किया गया।
मुख्य अतिथि तथा अन्य वक्ताओं ने कहा कि सुशासन तिहार ग्रामीणों की समस्याओं के त्वरित एवं प्रभावी समाधान का माध्यम है। सभी विभागों के अधिकारी एक ही स्थान पर उपलब्ध होने से ग्रामीणों को जिला मुख्यालय तक अनावश्यक रूप से चक्कर नहीं लगाने पड़ते। अतिथियों ने ग्रामीणों से कहा कि वे शिविर में उपलब्ध विभिन्न योजनाओं और सेवाओं की जानकारी प्राप्त कर शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का अधिकतम लाभ उठाएँ। उन्होंने यह भी कहा कि दूरस्थ क्षेत्र सिरमिना में शिविर का आयोजन होना स्थानीय ग्रामीणों के लिए अत्यंत लाभकारी है।
The Duniyadari: प्रदेश में पदोन्नति प्रक्रिया प्रारंभ करने संबंधी निर्देश जारी होने पर संगठन ने शासन को दिया धन्यवाद
30 जून तक पदोन्नति प्रक्रिया पूर्ण कराने हेतु संगठन करेगा सतत प्रयास
रायपुर-
छत्तीसगढ़ सहायक शिक्षक समग्र शिक्षक फेडरेशन द्वारा प्रदेश के सभी पांचों संभाग एवं 33 जिलों में शिक्षकों की लंबित पदोन्नति प्रक्रिया को शीघ्र पूर्ण कराने हेतु लगातार सतत प्रयास किया जा रहा था। संगठन द्वारा समय-समय पर शासन, प्रशासन एवं विभागीय अधिकारियों को ज्ञापन सौंपकर, बैठकों के माध्यम से तथा जिला एवं संभाग स्तर पर संवाद स्थापित कर कई संभागों में छोटे-बड़े आंदोलन कर पदोन्नति प्रक्रिया में तेजी लाने की मांग की जाती रही है।,
वर्तमान में जो शिक्षा में शिक्षा के स्तर में जो गिरावट आई है इसका प्रमुख कारण पर्याप्त शिक्षकों की कमी और शिक्षकों की गैर शिक्षक की कार्य के कारण, गुणवत्ता कम हुई है जो की पदोन्नति होने से, शिक्षा के गुणवत्ता में सुधार होगा,
आज लोक शिक्षण संचालनालय, छत्तीसगढ़ द्वारा जारी पत्र में समस्त संभागीय संयुक्त संचालकों एवं जिला शिक्षा अधिकारियों को शिक्षक संवर्ग एवं लिपिक वर्ग के रिक्त, स्वीकृत तथा कार्यरत पदों की जानकारी निर्धारित समयावधि में प्रस्तुत करने एवं 30 जून 2026 तक पदोन्नति प्रक्रिया पूर्ण करने के निर्देश दिए गए हैं। इस महत्वपूर्ण पहल का छत्तीसगढ़ सहायक शिक्षक समग्र शिक्षक फेडरेशन स्वागत करता है एवं प्रदेश सरकार तथा स्कूल शिक्षा विभाग को धन्यवाद ज्ञापित करता है।
संगठन के प्रदेश अध्यक्ष रविन्द्र राठौर ने कहा कि लंबे समय से प्रदेश के शिक्षक पदोन्नति की प्रतीक्षा कर रहे थे। संगठन ने सरगुजा, बिलासपुर, दुर्ग, बस्तर एवं रायपुर संभाग सहित सभी जिलों में निरंतर अधिकारियों से मुलाकात कर पदोन्नति प्रक्रिया प्रारंभ कराने हेतु दबाव बनाया। कई जिलों में संगठन के पदाधिकारियों द्वारा वरिष्ठता सूची, रिक्त पदों की जानकारी एवं आवश्यक दस्तावेजी प्रक्रियाओं को शीघ्र पूर्ण कराने हेतु विभागीय अधिकारियों से लगातार समन्वय किया गया।
फेडरेशन ने यह भी स्पष्ट किया कि केवल आदेश जारी होना पर्याप्त नहीं है, बल्कि जिला एवं संभागीय स्तर पर लंबित प्रक्रियाओं को तेजी से पूर्ण करना आवश्यक है। विशेष रूप से वरिष्ठता सूची का अंतिम प्रकाशन, रिक्त पदों का सत्यापन, आरक्षण रोस्टर पालन एवं पदोन्नति समितियों की कार्यवाही समयबद्ध रूप से पूर्ण होनी चाहिए।
छत्तीसगढ़ सहायक शिक्षक समग्र शिक्षक फेडरेशन ने प्रदेश के समस्त जिला एवं संभागीय अधिकारियों से आग्रह किया है कि शासन की मंशा के अनुरूप पदोन्नति प्रक्रिया में अनावश्यक विलंब न हो तथा पारदर्शिता एवं समयबद्धता के साथ कार्यवाही सुनिश्चित की जाए।
संगठन ने घोषणा की है कि पदोन्नति प्रक्रिया को 30 जून 2026 तक पूर्ण कराने हेतु फेडरेशन प्रदेशभर में सतत निगरानी एवं सहयोग करेगा। संगठन के प्रदेश, संभाग, जिला एवं ब्लॉक स्तर के पदाधिकारी निरंतर अधिकारियों के संपर्क में रहकर आवश्यक जानकारी, समन्वय एवं सहयोग प्रदान करेंगे ताकि प्रदेश के शिक्षकों को शीघ्र पदोन्नति का लाभ मिल सके। छत्तीसगढ़ के सभी जिला अध्यक्षों का सक्रिय भूमिका पदोन्नति के लेकर रही है,
छत्तीसगढ़ सहायक शिक्षक समग्र शिक्षक फेडरेशन से रविन्द्र राठौर, राजू टंडन, देवेंद्र हरमुख, मनीष मिश्रा, शेषनाथ पाण्डेय, बसंत कौशिक, कौशल अवस्थी, अश्वनी कुर्रे, सुरजीत सिंह चौहान, सिराज बक्श, तरुण वैष्णव, नोहर चंद्रा, विपिन यादव, विनोद संडे, अशोक कुमार राठिया, विनय शुक्ला, जय राठौर, उत्तर कुमार साहू आदि पदाधिकारी की सक्रिय भूमिका रही।
सुशासन तिहार 2026 अंतर्गत राज्य शासन के निर्देशानुसार कलेक्टर कुणाल दुदावत के मार्गदर्शन में आम जनता के समस्याओं के निराकरण करने, उन्हें शासकीय योजनाओं की जानकारी देने तथा शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं से लाभान्वित किये जाने के उद्देश्य से जिले के विभिन्न कलस्टर ग्रामों में जन समस्या निवारण शिविर का आयोजन किया जा रहा है।
इसी कड़ी में 16 मई को प्रातः 10 बजे से विकासखंड पाली के ग्राम रामाकछार, पोंड़ीउपरोड़ा के ग्राम लेपरा एवं कोरबा के ग्राम लेमरू में जनसमस्या निवारण शिविर आयोजित की जायेगी। इसी तरह 19 मई को पोंड़ीउपरोड़ा के ग्राम लमना, पाली के ग्राम नगोई व कटघोरा के ग्राम डोंगरी में शिविर आयोजित होंगे।
उच्च रक्तचाप के प्रति जागरूकता फैलाने के लिए प्रतिवर्ष 17 मई को ” विश्व उच्च रक्तचाप दिवस ” मनाया जाता है। इस दिन लोगों को हाइपरटेंशन के प्रति जागरूक किया जाता है। उच्च रक्तचाप किसी भी उम्र के लोगों को हो सकता है। हाईब्लड प्रेशर या हाइपरटेंशन का खतरा महिलाओं से ज्यादा पुरूषों में होता है। इसके अलग-अलग कारण हो सकते हैं जैसे फैमिली हिस्ट्री , तनाव, गलत खान-पान और लाइफस्टाइल आदि। इससे बचने के लिए न केवल डाइट और लाइफस्टाइल पर ध्यान देने की जरूरत है बल्कि तनाव को कम करना और शरीर को सक्रिय बनाए रखना बेहद जरूरी है।
दिनांक 17 मई को जिले में ” विश्व उच्च रक्तचाप दिवस ” के अवसर पर समस्त विकासखंड स्तर पर सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों, प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्रों (शहरी तथा ग्रामीण ),आयुष्मान आरोग्य मंदिर, उपस्वास्थ केन्द्रों (शहरी तथा ग्रामीण) में उच्च रक्तचाप से संबंधित बीमारियों के संबंध में तथा रोकथाम से सबंधी जागरूकता लाने हेतु कार्यक्रम आयोजित किए जायेंगे। सभी स्वास्थ्य केन्द्रों में उच्च रक्तचाप तथा मधुमेह की स्क्रीनिंग की जाएगी ।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी ने बताया कि उच्च रक्तचाप एक आम और अक्सर शांत स्थिती है। उच्च रक्तचाप से पीड़ित अधिकांश लोगों को कोई भी लक्षण दिखाई नहीं देता है, इसे साइलेंट किलर भी कहा जाता है। शरीर की धमनियों या मुख्य रक्तवाहिकाओं की दीवारों पर रक्त का दबाव लगातार बहुत अधिक होता है इसे हाईपरटेंशन कहते हैं। यह धीरे धीरे शरीर में बढता है, समय के साथ यह हृदय रोग, स्ट्रोक, गुर्दे की विफलता और मनोभ्रंष जैसी गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं को जन्म दे सकता है।
उन्होंने बताया कि मोटापा, धुम्रपान या स्मोकिंग, शराब का सेवन , असंतुलित आहार, तनाव या डिप्रेशन तथा शारीरिक गतिविधियों में कमी उच्च रक्तचाप की समस्या को जन्म दे सकते हैं। हालांकि हाईपरटेशन के लक्षणों को पहचानना थोड़ा मुश्किल हो सकता है लेकिन इसके बावजूद कुछ ऐसे संकेत हैं जिनके द्वारा उच्च रक्तचाप की समस्या को देखा जा सकता है जैसे अत्यधिक सर दर्द देना , छाती में दर्द, स्पष्ट दिखाई ना देना, बेचैनी या घबराहट होना, सांस फूलना, थकान महसूस होना है।
कलेक्टर कुणाल दुदावत तथा मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी द्वारा जिले के लोगों से अपील किया गया है कि जिन लोगों को उपरोक्त प्रकार के शारीरिक लक्षण हों तथा 30 वर्ष से अधिक उम्र के सभी लोग निकट के स्वास्थ्य केन्द्र जाकर जांच करावे तथा चिकित्सकीय परामर्श लें , चिकित्सक के द्वारा दिए गए निर्देशों का पालन करें। जिले के समस्त स्वास्थ्य केन्द्रों निःशुल्क जॉंच एवं उपचार की सुविधा उपलब्ध है।
The Duniyadari: *विद्युत पंप मिलने से किसान अजय तिग्गा की खेती को मिली नई दिशा*
कोरबा 15 मई 2026/
सुबह से शाम तक खेतों में पसीना बहाने वाले किसानों के चेहरे पर जब संतोष की मुस्कान दिखाई देती है, तभी सुशासन का वास्तविक अर्थ साकार होता है। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के मार्गदर्शन में आयोजित सुशासन तिहार 2026 किसानों के जीवन में ऐसी ही नई उम्मीद और विश्वास लेकर आया है। कृषि और ग्रामीण परिवेश से गहराई से जुड़े मुख्यमंत्री श्री साय किसानों की तकलीफ, मेहनत और सपनों को भली-भांति समझते हैं। यही वजह है कि शासन की योजनाएं अब गांवों और खेत-खलिहानों तक पहुंचकर किसानों की समस्याओं का त्वरित समाधान कर रही हैं। सुशासन तिहार के माध्यम से किसानों को न केवल उनकी समस्याओं से राहत मिल रही है, बल्कि विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं से जोड़कर उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त और आत्मनिर्भर भी बनाया जा रहा है।
कोरबा जिले के ग्राम दरगा निवासी कृषक श्री अजय कुमार तिग्गा कृषि कार्य से जुड़े हुए हैं और लगभग पांच एकड़ कृषि भूमि में धान एवं मूंगफली की खेती कर अपने परिवार का भरण-पोषण कर रहे हैं। उनके परिवार में कुल पांच सदस्य हैं, जिनकी आजीविका मुख्य रूप से खेती पर ही निर्भर है। मेहनत और लगन से खेती करने के बावजूद सिंचाई की समुचित व्यवस्था नहीं होने के कारण उन्हें हर वर्ष अनेक परेशानियों का सामना करना पड़ता था। विशेषकर फसल के समय पानी की कमी के कारण उत्पादन प्रभावित होता था, जिससे आर्थिक स्थिति पर भी असर पड़ता था।
इसी क्रम में आयोजित जनसमस्या निवारण शिविर केराकछार में श्री तिग्गा भी अपनी समस्या लेकर पहुंचे। उन्होंने अधिकारियों को बताया कि सिंचाई सुविधा के अभाव में उन्हें खेती कार्य में कठिनाई हो रही है और यदि विद्युत पंप की सुविधा मिल जाए तो खेती बेहतर तरीके से की जा सकती है। शिविर में प्राप्त आवेदन पर अधिकारियों द्वारा संवेदनशीलता के साथ त्वरित कार्रवाई की गई और कृषक की आवश्यकता को देखते हुए उन्हें 1.5 एचपी का विद्युत पंप प्रदान किया गया। विद्युत पंप मिलने से अब उनके खेतों में नियमित सिंचाई संभव हो सकेगी। इससे न केवल खेती कार्य आसान होगा, बल्कि फसल उत्पादन में भी वृद्धि होगी।
उन्होंने अपनी समस्या के त्वरित समाधान पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए मुख्यमंत्री विष्णु देव साय एवं जिला प्रशासन के प्रति आभार जताया। उन्होंने कहा कि जनसमस्या निवारण शिविर के माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों के किसानों की समस्याओं का मौके पर समाधान हो रहा है, जिससे किसानों में शासन के प्रति विश्वास और मजबूत हुआ है।
जिले में कुछ असामाजिक तत्वों द्वारा ईंधन एवं घरेलू गैस की कमी संबंधी भ्रामक सूचनाएं फैलाए जाने की स्थिति को गंभीरता से लेते हुए कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी श्री कुणाल दुदावत ने स्पष्ट किया है कि जिले में पेट्रोल, डीजल एवं एलपीजी का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है तथा आपूर्ति व्यवस्था पूर्णतः सुचारू रूप से संचालित हो रही है।
खाद्य अधिकारी द्वारा बताया गया कि जिले में 5,876 सिलेंडरों का बैलेंस स्टॉक उपलब्ध है। इसके साथ ही एलपीजी रिफिल की स्थिति भी पूरी तरह सामान्य है। इस प्रकार जिले में घरेलू गैस की उपलब्धता पर्याप्त है ।
इसी प्रकार पेट्रोल और डीजल की उपलब्धता भी पूरी तरह संतोषजनक है। जिले में कुल 104 रिटेल आउटलेट संचालित हैं। वर्तमान उपलब्ध स्टॉक के अनुसार पेट्रोल 913 केएल तथा डीजल 1057 केएल उपलब्ध है, जो जिले की सामान्य दैनिक खपत के अनुसार पर्याप्त है। कुछ चुनिंदा आउटलेट तकनीकी कारणों या देर से भेजे गए इंडेंट के कारण प्रभावित रहे हैं, जिनका समाधान संबंधित कंपनियों द्वारा किया जा रहा है।
कलेक्टर ने अधिकारियों को निर्देशित किया है कि सभी पेट्रोल पंपों की नियमित मॉनिटरिंग की जाए और कहीं भी कालाबाजारी, जमाखोरी या अव्यवस्था पाए जाने पर तत्काल सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। पुलिस एवं प्रशासनिक अमले को भी स्थिति पर सतत नजर रखने के निर्देश दिए गए हैं।
कलेक्टर श्री दुदावत ने जिलेवासियों से अपील की है कि वे किसी भी अपुष्ट सूचना अथवा अफवाह पर ध्यान न दें और आवश्यकता के अनुरूप ही ईंधन एवं गैस की खरीद करें।
उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन पूरी तरह सतर्क है और आवश्यक वस्तुओं की उपलब्धता बनाए रखने के लिए हरसंभव कदम उठाए जा रहे हैं। साथ ही यह भी स्पष्ट किया कि अफवाह फैलाने वालों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी।
कलेक्टर कुणाल दुदावत के मार्गदर्शन में तथा मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी के नेतृत्व में भारतीय रेडक्रॉस सोसायटी, जिला शाखा कोरबा द्वारा 16 एवं 17 मई को निःशुल्क मानसिक रोग निवारण शिविर का आयोजन किया जा रहा है। यह शिविर जैन भवन, पुराना बस स्टैंड, कोरबा में आयोजित होगा।
शिविर में मुंबई के नायर हॉस्पिटल से संबद्ध क्लीनिकल साइकोलॉजिस्ट श्रीमती विनिता खंडूरी अपनी सेवाएं प्रदान करेंगी। शिविर का उद्देश्य नागरिकों को मानसिक स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के समाधान हेतु विशेषज्ञ परामर्श एवं उपचार उपलब्ध कराना है।
कलेक्टर कुणाल दुदावत एवं मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी द्वारा जिले के नागरिकों से अपील की गई है कि वे अधिक से अधिक संख्या में उपस्थित होकर इस निःशुल्क परामर्श एवं उपचार सुविधा का लाभ उठाएँ।
The Duniyadari: *कोरबा 15 जून 2026/*
जनदर्शन के माध्यम से जनकल्याणकारी योजनाओं को जरूरतमंदों तक प्रभावी ढंग से पहुंचाने एवं आमजन की समस्याओं का त्वरित...