The Duniyadari: Raipur/जशपुर- सुशासन तिहार के तहत मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का दौरा इस बार जशपुर जिले के सुदूर वनांचल ग्राम चंदागढ़ में देखने को मिला, जहां उन्होंने सीधे ग्रामीणों के बीच पहुंचकर जनकेंद्रित शासन की मिसाल पेश की। हेलीकॉप्टर से उतरते ही ग्रामीणों ने पारंपरिक तरीके से उनका गर्मजोशी से स्वागत किया।
मुख्यमंत्री सबसे पहले पत्थलगांव विकासखंड के ग्राम भैंसामुड़ा पहुंचे, जहां उन्होंने बजरंग बली मंदिर में पूजा-अर्चना कर प्रदेश की खुशहाली की कामना की। इसके बाद गांव के बीच बरगद के पेड़ के नीचे जनचौपाल लगाई गई, जहां उन्होंने लोगों की समस्याएं सीधे सुनीं और मौके पर ही अधिकारियों को समाधान के निर्देश दिए।
सीएम साय ने कहा कि 1 मई से 10 जून तक चलने वाला सुशासन तिहार सरकार को जनता के करीब लाने का प्रयास है, ताकि योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे। उन्होंने राशन वितरण, पेयजल, बिजली, राजस्व संबंधी दिक्कतों और अन्य मूलभूत सुविधाओं की जानकारी लेते हुए संबंधित अधिकारियों को त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए।
जनचौपाल में महिला स्व-सहायता समूहों की भूमिका भी चर्चा में रही। “लखपति दीदी” सुमिला कोरवा और पुष्पलता चौहान से संवाद करते हुए मुख्यमंत्री ने उनकी आत्मनिर्भरता की सराहना की। उन्होंने बताया कि राज्य में लाखों महिलाएं छोटे व्यवसायों के जरिए आर्थिक रूप से मजबूत हो रही हैं, जो ग्रामीण अर्थव्यवस्था के लिए सकारात्मक संकेत है। साथ ही, प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में देशभर में महिला सशक्तिकरण को नई दिशा मिली है।
दौरे के दौरान मुख्यमंत्री ने चंदागढ़ और भैंसामुड़ा के विकास के लिए कई अहम घोषणाएं कीं। इनमें सामुदायिक भवन, मिनी स्टेडियम, सीसी सड़क निर्माण और बच्चों के लिए खेल सामग्री उपलब्ध कराने जैसी योजनाएं शामिल हैं। उन्होंने अधिकारियों को विकास कार्यों के लिए जमीन चिन्हांकन और समयसीमा तय करने के निर्देश भी दिए।
ग्रामीणों से बातचीत के दौरान योजनाओं के क्रियान्वयन की स्थिति का भी जायजा लिया गया। महतारी वंदन योजना और प्रधानमंत्री आवास योजना के लाभ पर संतोष जताते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार की प्राथमिकता पात्र हितग्राहियों तक योजनाओं की पहुंच सुनिश्चित करना है।
इसके अलावा तेंदूपत्ता संग्रहण, चरण पादुका योजना और विभिन्न तीर्थ योजनाओं के बारे में भी जानकारी ली गई। मुख्यमंत्री ने बताया कि पंचायत स्तर पर अटल डिजिटल सेवा केंद्रों के माध्यम से अब आय, जाति, निवास प्रमाण पत्र जैसी सुविधाएं गांव में ही उपलब्ध हो रही हैं, जिससे ग्रामीणों को बड़ी राहत मिल रही है।
कार्यक्रम में स्थानीय जनप्रतिनिधियों और प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी रही, वहीं बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने अपनी समस्याएं रखीं। मुख्यमंत्री ने भरोसा दिलाया कि हर शिकायत पर प्राथमिकता से कार्रवाई की जाएगी और सुशासन को जमीनी स्तर तक प्रभावी बनाया जाएगा।















