रायपुर। राजधानी रायपुर से लगे अभनपुर के पास बुधवार सुबह एक बड़ा हादसा हो गया है। कार के पलटने से कार में सवार 5 महिलाओं की मौके पर मौत हो गई। वहीं इस हादसे में 6 लोगों की हालत गंभीर बताई जा रही है। सभी घायलों को अस्पताल ले जाया गया हैं
जानकारी के अनुसार सभी मृतक भिलाई के सुभाष नगर की निवासी है। कार में सवार होकर सभी लोग राजिम पुन्नी मेला में शामिल होने जा रहे थे। अभनपुर पहुंचने से पहले केंद्री गांव के पास कार अनियंत्रित होकर डिवाइडर से जा टकराई। वहीं कार के पलटने से 5 महिलाओं की मौके पर मौत हो गई।
मामले की सूचना पर पहुंची अभनपुर थाना पुलिस ने शव बरामद कर पीएम के लिए भेजा। बता दें कि आज से राजिम में माघी पुन्नी मेले की शुरूआत हो रही है। आज सुबह से ही भक्तों की भीड़ उमड़ रही है। तड़के पुण्य स्नान कर भक्तों ने आस्था की डुबकी लगाई।
बिलासपुर। कोरोना की तीसरी लहर का असर कम होते ही छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट में बुधवार से मामलों की नियमित सुनवाई होगी। इसके साथ ही लोअर कोर्ट में सभी अदालतों में सुनवाई करने के आदेश जारी किए गए हैं। संक्रमण बढ़ने पर हाईकोर्ट में 11 जनवरी से वर्चुअल सुनवाई हो रही थी। अब 36 दिन बाद कोर्ट में ऑफलाइन सुनवाई शुरू हो रही है।
हाईकोर्ट के रजिस्ट्रार जनरल संजय कुमार जायसवाल ने नई अधिसूचना जारी की है। इसके मुताबिक अब हाईकोर्ट के साथ ही लोअर कोर्ट में भी 11 जनवरी के पूर्व की तरह प्रकरणों की सुनवाई होगी। इस दौरान वकील और पक्षकारों को कोरोना गाइडलाइन का पालन करना होगा।
इससे पहले हाईकोर्ट ने पहले 11 जनवरी को आदेश जारी कर 31 जनवरी तक वर्चुअल सुनवाई करने की व्यवस्था बनाई थी। इस दौरान कोर्ट में वकीलों को जरूरी काम से आने की अनुमति थी। इसी तरह निचली अदालतों में भी कोरोना संक्रमण से बचाव करते हुए सुनवाई करने की व्यवस्था करने के आदेश दिए गए थे।
रायपुर। छत्तीसगढ़ सरकार ने लॉकडाउन के बाद पहली बार लगातार 13 दिन तक शराब की दुकानें बंद रहेंगी। गरियाबंद जिले के राजिम में लगने वाले माघी पुन्नी मेला स्थल के आसपास की सभी शराब की दुकानें बंद करने के निर्देश दिए गए हैं। 16 फरवरी से 1 मार्च तक शराब की दुकानें इस क्षेत्र में बंद रहेंगी।
राज्य सरकार की ओर से दी गई जानकारी के मुताबिक मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की घोषणा के अनुरूप वर्ष 2022 में आयोजित होने वाले राजिम माघी पुन्नी मेला के दौरान राजिम मेला क्षेत्र के आसपास की छह देशी एवं विदेशी मदिरा दुकानें 16 फरवरी से 01 मार्च तक बंद रहेंगी।
Rashi: ज्योतिष शास्त्र में कुल 12 राशियों का वर्णन किया गया है. हर व्यक्ति की इन्हीं में से कोई न कोई एक राशि होती है. सभी राशियों का किसी न किसी ग्रह से संबंध होता है. इन्हीं ग्रहों का प्रभाव संबंधित राशियों के लोगों पर पड़ता है. हर राशि की अपनी विशेषता होती है. यहां हम बात करेंगे कुछ ऐसी राशियों के बारे में जिनसें जुड़ी लड़कियां लग्जीरियस लाइफ जीने की शौकीन होती हैं. इनके पास रुपये-पैसे की कभी कोई दिक्कत नहीं होती. जानिए ये किन राशियों की लड़कियां हैं.
वृषभ राशि: इस राशि का स्वामी ग्रह शुक्र है. जीवन में सभी भौतिक सुख इसी ग्रह के प्रभाव से मिलते हैं. वृषभ राशि की लड़कियां देखने में काफी आकर्षक होती हैं. ये अपनी जिंदगी खुलकर जीती हैं. ये अपने ऊपर काफी पैसा खर्च करती हैं. घूमने-फिरने की शौकीन होती हैं. इन्हें महंगी महंगी चीजें खरीदने का शौक होता है. इनकी आर्थिक स्थिति अमूमन अच्छी होती है.
कर्क राशि: इस राशि की लड़कियां भी धन-धान्य के मामले में लकी मानी जाती हैं. ये अपनी सुख सुविधाओं पर काफी पैसा खर्च करती हैं. इन्हें ब्रांडेड चीजें काफी पसंद आती हैं. ये अपने कपड़ों पर खूब पैसा खर्च करती हैं. इनके पास एक से बढ़कर एक चीजों का शानदार कलेक्शन होता है. इनकी आर्थिक स्थिति अच्छी होती है.
तुला राशि: इस राशि की लड़कियां अपनी जिदंगी शान-ओ-शौकत के साथ जीती हैं. ये लाइफ में खूब पैसा कमाती हैं और खुलकर उड़ाती भी हैं. इनके पास रुपये पैसों की कभी दिक्कत नहीं होती. ये आलीशान जिंदगी जीती हैं. इन्हें जीवन में तमाम भौतिक सुख शुक्र ग्रह के कारण प्राप्त होते हैं.
वृश्चिक राशि: इस राशि की लड़कियां भी धन के मामले में काफी लकी मानी जाती हैं. इनकी आर्थिक स्थिति अमूमन अच्छी होती है. लग्जरी लाइफ इनका शौक होता है. ये अपनी सुख सुविधाओं की पूर्ति के लिए खूब मेहनत भी करती हैं. ये अपने दोस्तों पर भी काफी पैसा खर्च करती हैं.
मुंबई। दो ट्रक, एक कंटनेर, दो कार और एक टेम्पो आपस में टकराए गए, इनके बीच फंसी कार पिचक कर सैंडविच की तरह चिपक गई। हादसे के बाद चीख पुकार मच सुनकर कई गाड़ियां वहां रुकी गई जिससे कई घंटे तक ट्रैफिक जाम लगा रहा। इस हादसे में तीन लोगों की मौत हो गई वहीं 8 लोग गंभीर रूप से घायल हैं।
जानकारी के अनुसार पुणे-मुंबई एक्सप्रेस-वे खंडाला घाट के खोपोली एग्जिट पर हुए इस हादसे में एक साथ 6 गाड़ियां आपस में टकराई हैं। ट्रक और कंटनेर के बीच एक कार सैंडविच बन गई और सबसे ज्यादा क्षतिग्रस्त हुई।
बताया जा रहा है कि हाईवे पर तेज रफ्तार से चल रहा कंटनेर टायर पंचर होने के बाद बीच सड़क में रुक गया। पीछे से आ रही स्विफ्ट कार अनियंत्रित होकर इससे टकरा गई। जिसमें सवार चार लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। कार को पीछे से तेज रफ्तार ट्रक ने टक्कर मारी और इसके बाद एक-एक करके कार, टेम्पो और ट्रक की टक्कर हुई।
हादसे में गौरव खरात (36), सौरभ तुलसी (32), सिद्धार्थ राजगुरु (31) और एक अन्य की मौत हुई है। सबसे ज्यादा छोटी गाड़ियां ही क्षतिग्रस्त हुईं हैं। घायल भी इन्हीं गाड़ियों में सवार थे। सभी घायलों को खोपोली नगर अस्पताल में एडमिट करवाया गया है।
न्यूज डेस्क। स्विटजरलैंड और यूएई से सोने का बिस्कुट लेकर आ रहे तस्कर को रेलवे स्टेशन में पकड़ा गया है। आरोपी के पास से सोने के 6 बिस्कुट बरामद किए गए हैं। जब्त किए गए सोने की कीमत अंतरराष्ट्रीय बाजार में 35 लाख रुपए बताई गई है।
जानकारी के अनुसार यूपी में विधानसभा चुनाव की सतर्कता के बीच राजस्व आसूचना निदेशालय (DRI) की वाराणसी इकाई ने बनारस रेलवे स्टेशन से एक तस्कर को तस्करी कर लाए गए सोने के छह बिस्किट के साथ गिरफ्तार किया है। गिरफ्त में आया आरोपी प्रतापगढ़ का रहने वाला है। बताया जा रहा है कि तस्करी से पूछताछ में सोने की तस्करी से जुड़े बड़े रैकेट का खुलासा हो सकता है।
मालदा से लेकर आया था सोना
DRI के अधिकारियों ने बताया कि सूचना मिली थी कि स्विटजरलैंड और यूएई से तस्करी कर लाए गए सोने की खेप बांग्लादेश के रास्ते कोलकाता होते हुए वाराणसी आएगी। इसके बाद वाराणसी से उसे नई दिल्ली भेजा जाएगा। इस सूचना के आधार पर काम शुरू किया गया, तो बनारस रेलवे स्टेशन से ट्रेन बदलने के लिए मौजूद तस्कर गिरफ्त में आ गया।
प्रारंभिक पूछताछ में तस्कर से यही पता लगा है कि उसे सोने के बिस्किट मालदा में सौंपे गए थे। DRI के अफसरों ने बताया कि पकड़े गए तस्कर से हमारी पूछताछ जारी है। पूछताछ में तस्करों के नेटवर्क के बारे में कई अन्य अहम जानकारियां हाथ लगी हैं। पूछताछ की प्रक्रिया पूरी कर इस प्रकरण में कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
कीव, यूक्रेन। यूक्रेन पर रूस (Russia-Ukraine Conflict) के हमले का काउंटडाउन ख़त्म होने वाला है. हमले को रोकने के लिए नाटो अभी भी रूस को सीधे हमले की धमकी नहीं दे रहे. दरअसल उनकी ये धमकी पुतिन के पांच विनाशक हथियारों की वजह से अमेरिका और नाटो को भी महंगी पड़ सकती है. वहीं यूक्रेन के लिए तो रूस का सिर्फ एक धमाका ही काफी है, जो रूस दुनिया के सबसे बड़े परमाणु बम से कर सकता है.
रूसी घेरे से डरा हुआ है यूक्रेन
कयामत के दिन से ठीक पहले इंसान क्या सोचेगा. उसकी रातें कैसे कटेंगी. इसके बारे में समझना हो तो यूक्रेन के लोगों से पूछिए. उनके दिल की हालत को समझिए. यूक्रेन को इस कयामत की झांकी दिखाने की तैयारी रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने कर ली है. रूस (Russia) ने अपनी ज्यादातर फौज, अर्टिलरी और विनाशक हथियार यूक्रेन बॉर्डर पर तैनात कर दिए हैं. रूस की ये आक्रामक तैयारियां बता रही हैं कि जो भी सामने आएगा, कुचला जाएगा.
यूक्रेन के सामने सबसे बड़ी आफत इस बात की है कि कयामत कहां से उन पर टूटेगी, इसका उसे पता ही नहीं है. समंदर में रूस (Russia) के सबसे घातक युद्धपोत आग बरसा रहे हैं . ये वो इलाका है जहां रूस की ताकत के सामने यूक्रेन ज़ीरो है. वहीं बेलारूस की तरफ से भी उसके तोपों और टैंक के गोले भी यूक्रेन की सेना और लोगों पर आफत की तरह बरसेंगे. रूस की वायुसेना के सुखोई 35 जैसे विमान भी मिसाइलों के साथ यूक्रेन पर यमदूतों की तरह टूट पड़ेंगे.
अमेरिका और नाटो भी नहीं दिखा पा रहा हिम्मत
इतना सब कुछ होते देखने के बावजूद अमेरिका और नाटो के सहयोगी देश खुलकर रूस (Russia) के सामने आने की हिम्मत नहीं जुटा पा रहे हैं. इसकी वजह ये है कि रूस के पास दुनिया के ऐसे 5 खतरनाक हथियार हैं, जिनके जरिए वह किसी भी दुश्मन का मटियामेट कर सकता है. इन हथियारों की तैनाती से ही दुश्मनों में घबराहट बढ़ जाती है.
दुनिया का सबसे बड़ा परमाणु बम रूस (Russia) के पास है. इसका परीक्षण आज से 6 दशक पहले किया गया था. रूस ने अपना सबसे बडा परमाणु बम अगर यूक्रेन पर फोड़ा तो धमाका होते ही यूक्रेन के 60 लाख लोग फौरन खत्म हो जाएंगे.
रूस के पास है दुनिया का सबसे बड़ा परमाणु बम
वर्ष 1961 में सोवियत संघ यानी आज के रूस (Russia) ने दुनिया के सबसे बड़े, शक्तिशाली और ख़तरनाक हाइड्रोजन बम का परीक्षण किया था. उस वक़्त ये धमाका दुनिया के लिए टॉप सीक्रेट था. जिसके बारे में धमाका करने वाले रूस के अलावा किसी भी देश को कानो कान तक ख़बर नहीं हुई थी .
रूस (Russia) के जॉर बम की ताक़त का अंदाज़ा इस बात से लगाया जा सकता है कि जापान के हिरोशिया में गिराए गए अमेरिका के परमाणु बम लिटिल ब्वॉय से यह 3333 गुना ज़्यादा शक्तिशाली था. यानि इससे होने वाली तबाही भी हिरोशिमा में हुई तबाही से 3333 गुना ज़्यादा होती
60 लाख लोग तुरंत हो जाएंगे खत्म
यह बम कितना खतरनाक है, इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि दूसरे विश्व युद्ध में इस्तेमाल हुए समूचे पूरे गोले-बारूद से भी यह बम 10 गुना ज्याजा शक्तिशाली है. यह बम एटम बम और हाइड्रोजन बम की तकनीक मिलाकर तैयार किया गया था. इस बम को जार बम भी कहा जाता है. अगर यह बम अगर पूरी ताक़त से फटेगा तो कुछ भी नहीं बचेगा. इस परमाणु बम की विनाशक क्षमता को देखते हुए इसे धरती के ख़ात्मे का हथियार कहा जाता है.
रूस (Russia) ने सिर्फ़ ताक़त दिखाने के लिए इस बम का परीक्षण किया था. सोचकर देखिए, अगर जो काम अमेरिका ने जापान के साथ किया था वहीं काम अगर रूस यूक्रेन या किसी भी नाटो देश के साथ कर दे तो क्या होगा. ऐसे हथियार ही रूस के दुश्मनों में खौफ़ पैदा कर रहे हैं और नाटो में शामिल महाशक्तिशाली देश भी रूस के मुकाबले में सीधे नहीं उतरना चाहते.
पुतिन के 5 विनाशक हथियार
रूस (Russia) का एक ऐसा ही महाविनाशक हथियार है किंझल हाइपरसोनिक मिसाइलें. ये हाइपरसोनिक परमाणु मिसाइल रूस के मिग 31 लड़ाकू विमानों पर लगी हुई हैं. अब रूस ने इन विमानों की तैनाती अपने कालिनग्राड शहर में की है, जो बाल्टिक सागर के पास स्थित है. किंझल मिसाइलों से लैस मिग 31 विमानों को कालिनग्राड में तैनात करना यूक्रेन और नाटो देशों के लिए बेहद खतरनाक हो सकता है.
कितनी ताकतवर हैं किंझल मिसाइलें?
– आवाज से 10 गुना ज्यादा स्पीड
– परमाणु बम गिराने में सक्षम
– 2000 किलोमीटर की मारक क्षमता
– 500 किलोटन का परमाणु बम ले जाने में सक्षम
– 3 किमी प्रति सेकंड की रफ्तार से हमला
– आधुनिक एयर डिफेंस सिस्टम फेल
– अमेरिका नाटो के पास तोड़ नहीं
पश्चिमी देशों को खत्म कर देंगी रूसी मिसाइलें
किंझल मिसाइल अगर कालिनग्राड से दागी जाती हैं तो यह पश्चिमी यूरोपीय देशों की ज्यादातर राजधानियों और तुर्की की राजधानी अंकारा को तबाह करने की ताकत रखती हैं. यही नहीं, किंझल के नाटो देशों पर हमला करने में मात्र 7 से 10 मिनट लगेंगे.
पुतिन के ये महाविनाशक हथियार ही वो ताकत हैं, जिनकी वजह से दुनिया की महाशक्तियां भी यूक्रेन पर हमला करने के लिए तैयार खड़े रूस के सामने बेबस हैं.
रूस के 5 महाविनाशक हथियार (Russia Most Dangerous Weapons)
– जॉर बॉम्ब या ज़ार बम दुनिया का सबसे बड़ा परमाणु बम है. इसका धमाका होते ही फौरन 60 लाख लोगों की मौत हो हो जाएगी और लाखों लोग चमड़ी व सांस से जुड़ी बीमारियों के शिकार हो जाएंगे.
– रूस का दूसरा विनाशक है हाइपरसोनिक परमाणु मिसाइल किंझल, जिसका अमेरिका और NATO के पास कोई तोड़ नहीं है.
– रूस का तीसरा विनाशक हथियार है 2S7 Pion तोप जिसे सोवियत एटामित तोप भी कहते हैं. ये कम दूरी का परमाणु हमला करने में सक्षम है. ये 203 MM के परमाणु बम से हमला करती हैं. ये 37 किमी. तक हमले करने में सक्षम हैं.
– रूस का चौथा विनाशाक हथियार है बेलगोरोड परमाणु सबमरीन जो दुनिया की सबसे बड़ी सबमरीन है. ये सबमरीन पोसाइडन टारपीडो से लैस है, जो रेडियो एक्टिव सुनामी पैदा करने में सक्षम है. इस सबमरीन की लंबाई 604 फुट और वज़न 14 हज़ार 700 टन है. ये रूसी सबमरीन किसी भी जंग का नक्शा बदलने में सक्षम है.
– रूस का पांचवां विनाशक हथियार है T-14 अर्माटा टैंक जो दुनिया के सबसे खतरनाक टैंक हैं. ये रिमोट कंट्रोल से चलता है और बिना क्रू मेंबर्स के लक्ष्य पर सटीक निशाना साध सकते हैं. अर्माटा टैंक से एक मिनट में 10 से 12 राउंड फायरिंग हो सकती है. अर्माटा टैंक एंटी एयरक्राफ्ट मिसाइल से भी लैस हैं. इसे लो फ्लाइंग आब्जेक्ट जैसे हेलीकॉप्टर और छोटे ड्रोन का काल माना जाता है.
बीजापुर : छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले से बड़ी खबर सामने आई है। यहां अगवा किए गए इंजीनियर अशोक पवार और उनके साथी मजदूर को नक्सलियों ने रिहा कर दिया है। बता दें कि बीते शुक्रवार को नक्सलियों ने दोनों को बेदरे निर्माणाधीन पुलिया से अगवा किया था। अपहरण के पांच दिनों बाद आज नक्सलियों ने दोनों को रिहा कर दिया है। एएसपी ने रिहाई की पुष्टि कर दी है।
अगवा इंजीनियर अशोक पवार की पत्नी सोनाली पवार अपने पति की रिहाई के लिए नक्सलियों से गुहार लगाई थी। अपने पति की रिहाई के लिए वो घनघोर जंगलों में भी दाखिल हुई थी। यही नहीं उन्होनें आदिवासी नेता सोनी सोरी से भी अपील की थी कि वह नक्सलियों के कब्जे से उनके पति को छुड़वा दें।
बता दें कि 10 फरवरी को सुबह 9 बजे बेदरे इलाके में इंद्रावती नदी पर बन रहे नये पुल का निरीक्षण करने निजी कंस्ट्रक्शन कंपनी के इंजीनियर अशोक पवार और एक राज मिस्त्री कार्यस्थल पहुंचे हुए थे।
इस दौरान निरीक्षण करते नदी के उस पार राज मिस्त्री और अशोक पवार पहुंच गए। यहां पर सादे वेशभूषा में आए दो नक्सली उन दोनों से पूछताछ करने लगे। जिसके बाद कुछ ही देर में हथियारबंद वर्दीधारी नक्सली अपने साथ इंजीनियर और राज मिस्त्री को घने जंगलों की ओर ले गए थे।
रायपुर। छत्तीसगढ़ के बिजली उपभोक्ताओं काे अगले दो महीनों में बिजली का जोरदार झटका लगने वाला है, इस झटके लिए अभी से तैयार हो जाएं।
दरअसल राज्य छत्तीसगढ़ विद्युत वितरण कंपनी ही 745 करोड़ रुपए का घाटा रिकवर करना चाहती है। राज्य विद्युत नियामक आयोग ने अगर उनके प्रस्ताव को मंजूरी दी तो बिजली के दाम बढ़ सकते हैं।
जानें हिसाब किताब
बताया गया है कि चालू सत्र में कंपनी ने 3 हजार 642 करोड़ रुपए लाभ का अनुमान लगाया है। लेकिन पिछले वित्तीय वर्षों में हुए 4 हजार 388 करोड़ रुपए के नुकसान की भरपाई कंपनी करना चाहती है। यह घाटा पाटने के लिए कंपनी को 745 करोड़ के अतिरिक्त राजस्व की जरूरत होगी।
घाटे की भरपाई के साथ कंपनियों ने नए पूंजी निवेश का प्रस्ताव भी दिया है। अगर विद्युत नियामक आयोग उनकी मांगों को स्वीकार कर टैरिफ में बदलाव को तैयार होगा तो प्रदेश के विद्युत उपभोक्ताओं की जेब पर ही इसका असर होगा।
न्यूज डेस्क। हत्या का आरोपी मंत्री पुत्र मीडिया को चकमा देते हुए जेल के मुख्य द्वार से निकलने के बजाय पिछले द्वार से निकल गया और सफेद कार में अपने घर पहुंच गया। जब वह घर पहुंच गया तब जाकर मीडिया वालों को पता चल सका कि उसकी रिहाई हो चुकी है।
बता दें कि लखीमपुर खीरी के तिकुनिया हिंसा कांड में मुख्य आरोपी और केंद्रीय गृह राज्यमंत्री के बेटे आशीष मिश्र मोनू को मंगलवार की शाम चार महीने से भी ज्यादा वक्त के बाद जिला जेल से जमानत पर रिहा कर दिया गया।
जेल प्रशासन ने दोपहर में रिहाई के आदेश प्राप्त होने के बाद जमानती कार्यवाही शुरू की, जिसके बाद देर शाम आशीष मिश्र ‘मोनू’ को तीन तीन के लाख के निजी मुचलके पर रिहा कर दिया गया। इससे पहले सोमवार को जिला जेल में आशीष मिश्र की जमानत आदेश के संबंध में जमानतदार दाखिल किए गए थे।
आशीष मिश्र मीडिया को चकमा देते हुए जेल के मुख्य द्वार से निकलने के बजाय पिछले द्वार से निकल गया और सफेद कार में अपने घर पहुंच गया। जब वह घर पहुंच गया तब जाकर मीडिया वालों को पता चल सका कि उसकी रिहाई हो चुकी है।