The Duniyadari: कोरबा, 12 सितंबर। जिले में रविवार को उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब एक युवक नशे की हालत में गांव के पास स्थित करीब 150 फीट ऊंचे हाईटेंशन बिजली टॉवर पर जा चढ़ा। युवक को टॉवर के ऊपरी हिस्से में बैठे देख आसपास के लोग बड़ी संख्या में मौके पर पहुंच गए। सूचना मिलने पर करतला पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी भी घटनास्थल पर पहुंचे। कई घंटों तक लगातार बातचीत और समझाइश के बाद युवक को सुरक्षित नीचे उतार लिया गया।
ऊंचाई पर बैठा रहा युवक, नीचे से परिजन करते रहे अपील
बताया गया कि युवक की पहचान देव सिंह राठिया के रूप में हुई है। वह विवाहित है और उसके दो बच्चे हैं। घटना के वक्त उसके नशे में होने की जानकारी सामने आई है। दोपहर में वह अचानक बिजली टॉवर पर चढ़ना शुरू हुआ और कुछ ही देर में काफी ऊंचाई तक पहुंच गया।
युवक को टॉवर पर देख उसकी पत्नी, बच्चे और ग्रामीणों ने नीचे से उसे वापस आने के लिए कहा। परिवार लगातार उसे समझाता रहा, लेकिन वह उनकी बात मानने को तैयार नहीं हुआ। वह कभी कुछ नीचे आता और फिर दोबारा ऊपर की ओर बढ़ जाता। लोगों ने उससे टॉवर पर चढ़ने की वजह जानने की कोशिश की, लेकिन उसने कोई स्पष्ट कारण नहीं बताया।
करतला पुलिस और प्रशासन ने संभाली स्थिति
मामले की जानकारी मिलते ही करतला थाना प्रभारी गणेश यादव पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। स्थिति को देखते हुए तहसीलदार को भी बुलाया गया। हाईटेंशन लाइन के टॉवर पर युवक के मौजूद होने से खतरा बेहद गंभीर था, क्योंकि आसपास विद्युत प्रवाह बना हुआ था।
पुलिस और प्रशासन की टीम ने बिना जल्दबाजी किए युवक से लगातार बातचीत की और उसे नीचे आने के लिए समझाया। परिजनों की मदद से भी उसे शांत करने का प्रयास किया गया।
लगातार 6 घंटे की मशक्कत के बाद मिली राहत
करीब छह घंटे तक चले प्रयास के बाद देव सिंह आखिरकार नीचे आने के लिए तैयार हुआ। उसके सुरक्षित जमीन पर पहुंचते ही परिजनों और ग्रामीणों ने राहत की सांस ली। फिलहाल यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि युवक ने इतनी ऊंचाई पर चढ़ने का फैसला क्यों किया था। पुलिस मामले की परिस्थितियों को समझने का प्रयास कर रही है।
बेमेतरा में भी सामने आ चुका है ऐसा मामला
छत्तीसगढ़ में टॉवर पर चढ़ने की इस तरह की घटनाएं पहले भी सामने आती रही हैं। हाल ही में बेमेतरा जिले के नांदघाट थाना क्षेत्र में एक युवक करीब 125 फीट ऊंचे बीएसएनएल टॉवर पर चढ़ गया था। बताया गया था कि वह पत्नी द्वारा शराब के लिए रुपये नहीं दिए जाने से नाराज था। पुलिस की समझाइश के बाद उसे भी सुरक्षित नीचे उतारा गया था।



















