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तेज आंधी-तूफान के दौरान पेड़ की डाल गिरने से तीन युवकों की मृत्यु, कलेक्टर ने राहत सहायता हेतु दिए निर्देश

The Duniyadari: कोरबा, 31 मई 2026/ जिले के पाली थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम चोरका दांड में शनिवार शाम तेज आंधी-तूफान एवं बारिश के दौरान एक दुखद दुर्घटना में तीन युवकों की मृत्यु हो गई। प्राप्त जानकारी के अनुसार, मौसम खराब होने और तेज बारिश से बचने के लिए तीनों युवक एक बड़े पेड़ के नीचे रुके थे। इसी दौरान पेड़ की भारी डाल टूटकर उन पर गिर गई, जिससे उनकी मौके पर ही मृत्यु हो गई।

मृतकों में शिवराम टेकाम (14 वर्ष), कमलेश बड़ा (18 वर्ष) एवं दिनेश तिर्की (17 वर्ष) शामिल हैं। घटना की सूचना मिलते ही जिला प्रशासन द्वारा तत्काल आवश्यक कार्यवाही प्रारंभ की गई।

घटना की जानकारी प्राप्त होने पर कलेक्टर श्री कुणाल दुदावत ने संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश जारी करते हुए मृतकों के परिजनों को राजस्व पुस्तक परिपत्र (आरबीसी) 6-4 के तहत आर्थिक सहायता प्रदान करने की प्रक्रिया शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिए।

कलेक्टर के निर्देशानुसार तहसीलदार श्री भूषण मंडावी, नायब तहसीलदार श्री सुजीत पाटले एवं राजस्व विभाग की टीम ने प्रभावित परिवारों से मुलाकात कर उन्हें सांत्वना दी तथा आवश्यक सहायता का आश्वासन प्रदान किया। उनकी उपस्थिति में चिकित्सकीय टीम द्वारा आज मृतकों का पोस्टमार्टम कराया गया और शव परिजनों को सौंप दिया गया है।

राजस्व अधिकारियों ने बताया कि आरबीसी 6-4 के अंतर्गत राहत सहायता प्रदान करने हेतु प्रकरण तैयार किया जा रहा है तथा आवश्यक औपचारिकताएं पूर्ण होते ही निर्धारित राहत राशि मृतकों के परिजनों को प्रदान की जाएगी।

जिला प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि खराब मौसम, तेज आंधी-तूफान एवं बारिश के दौरान पेड़ों तथा असुरक्षित स्थानों के नीचे खड़े होने से बचें तथा सुरक्षा संबंधी सावधानियों का पालन करें।

CBSE ने ऑनमार्क पोर्टल की सुरक्षा को लेकर दिया स्पष्टीकरण, तकनीकी खामियां दूर करने का दावा

The Duniyadari: नई दिल्ली- केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) ने अपने डिजिटल मूल्यांकन मंच ऑनमार्क पोर्टल को लेकर सामने आई सुरक्षा संबंधी चिंताओं पर आधिकारिक प्रतिक्रिया जारी की है। बोर्ड ने स्पष्ट किया है कि पोर्टल में चिन्हित तकनीकी कमजोरियों को गंभीरता से लेते हुए तत्काल सुधारात्मक कदम उठाए गए हैं और फिलहाल किसी बड़े साइबर खतरे की आशंका नहीं है।

CBSE के अनुसार, जैसे ही पोर्टल से जुड़ी तकनीकी कमियों की जानकारी सामने आई, केंद्र सरकार की विभिन्न एजेंसियों और देश के प्रमुख तकनीकी संस्थानों के विशेषज्ञों को इस कार्य में लगाया गया। साइबर सुरक्षा विशेषज्ञों की टीम ने सिस्टम की विस्तृत समीक्षा कर संभावित जोखिमों की पहचान की और सुरक्षा को मजबूत करने के लिए कई महत्वपूर्ण बदलाव किए।

बोर्ड ने बताया कि ऑनमार्क पोर्टल को अधिक सुरक्षित तकनीकी ढांचे पर स्थानांतरित किया गया है, जिससे इसकी सुरक्षा क्षमता पहले की तुलना में काफी बढ़ गई है। जांच के दौरान सामने आई सभी प्रमुख कमजोरियों को दूर कर दिया गया है और शेष संभावित खामियों की पहचान के लिए विस्तृत ऑडिट प्रक्रिया जारी है।

CBSE ने उन एथिकल हैकर्स और जागरूक नागरिकों का भी धन्यवाद किया है जिन्होंने समय रहते सुरक्षा संबंधी मुद्दों की जानकारी साझा कर सिस्टम को और बेहतर बनाने में सहयोग दिया। बोर्ड का कहना है कि विशेषज्ञों के सुझावों के आधार पर सुरक्षा व्यवस्था को लगातार मजबूत किया जा रहा है।

साथ ही, बोर्ड ने तकनीकी विशेषज्ञों और आम नागरिकों से अपील की है कि यदि उनके पास पोर्टल की सुरक्षा बढ़ाने संबंधी कोई सुझाव या जानकारी हो तो वे सीधे CBSE की सुरक्षा टीम से संपर्क करें। इसके लिए secy-cbse@nic.in ईमेल आईडी जारी की गई है, जहां सुरक्षा संबंधी इनपुट भेजे जा सकते हैं।

धीवर समाज कोसमंदा रेंज के नवीन कोरबा केंद्र का चुनाव हुआ संपन्न, पदाधिकारियों ने ली शपथ

The Duniyadari: कोरबा– धीवर समाज महासभा बिलासपुर संभाग अंतर्गत कोसमंदा रेंज के नवीन केंद्र कोरबा के पदाधिकारियों का चुनाव 30 मई शनिवार को शिवनगर रुमगरा स्थित सामुदायिक भवन में आयोजित किया गया।

कार्यक्रम की शुरुआत आराध्य देव प्रभु रामचंद्र जी के छायाचित्र की पूजा अर्चना एवं माल्यार्पण से हुई। तत्पश्चात अतिथियों का स्वागत चंदन तिलक, फूल माला एवं श्रीफल भेंट कर किया गया |

धीवर समाज महासभा बिलासपुर संभाग अंतर्गत कोसमंदा रेंज में 04 केंद्र क्रमशः बिर्रा, लखुर्री, कोसमंदा एवं तिलकेजा केंद्र पूर्व से संचालित थे | कोरबा शहरी क्षेत्र के धीवर समाज के स्वजातीय बंधुओं के मांग पर एवं केंद्र की आवश्यकता को देखते हुए तिलकेजा केंद्र में जुड़े हुए कोरबा को एक नया केंद्र बनाने की घोषणा महासभा द्वारा किया गया | कोरबा केंद्र हेतु संरक्षक, अध्यक्ष, उपाध्यक्ष, कोषाध्यक्ष, सचिव, सहसचिव पदों पर चुनाव कर पदाधिकारियों का चयन किया जाना था जिसमें अध्यक्ष पर गणेश राम धीवर (सुराकछार), उपाध्यक्ष पर छोटेलाल जलतारे (दीपका), कोषाध्यक्ष पर लक्ष्मी प्रसाद जलतारे (मानस नगर), सचिव पर दीपक धीवर (स्याहीमुड़ी दर्री), सहसचिव पर विजय कुमार धीवर (रुमगरा) एवं संरक्षक हेतु कोमल जलतारे (बेलगरी बालको) निर्विरोध निर्वाचित हुए | सभी नवनिर्वाचित पदाधिकारियों को धीवर समाज महासभा के दायित्वों एवं नियमावली के पालन हेतु शपथ दिलाया गया |

अतिथियों का बारी बारी उद्बोधन हुआ | महासचिव वेदप्रकाश ने अपने उदबोधन में कहा कि यह केंद्र निश्चित रूप से समाज के विकास में एक नया अध्याय जोड़ने का कार्य करेगा।

रेंज अध्यक्ष अनिल धीवर ने कहा कि यह हमारे समाज के लिए अत्यंत हर्ष और गर्व का विषय है कि कोसमंदा रेंज में एक नए समाजिक केंद्र का निर्माण आज पूर्ण हो गया है। इस केंद्र के बन जाने से इस क्षेत्र के स्वजातीय बंधुओं को सामाजिक गतिविधियों से अवगत होने में एवं बैठक- सम्मेलन करने में आसानी होगी । कार्यकारिणी सदस्य उत्तम धीवर ने इस उपलब्धि पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि यह केंद्र शहरी धीवर समाज की एकता, सहयोग एवं विकास का प्रतीक है। इसके माध्यम से समाज के लोगों को एकजुट होने और अपनी समस्याओ के निराकरण में निश्चित ही अच्छा सहयोग मिलेगा। अर्जुन धीवर ने नये केंद्र बनने के पश्चात केंद्र का संचालन किस प्रकार से किया जाये जैसे महत्वपूर्ण विषय पर अपने विचार व्यक्त किये | मीडिया प्रभारी मनीष भीष्म द्वारा कोरबा को नये केंद्र बनाने की जरुरत पर प्रकाश डालते हुए सभी नवनिर्वाचित पदाधिकारियों को बधाई शुभकामनायें प्रेषित किया गया एवं एकजुट होकर धीवर समाज को शिक्षित विकसित समाज बनाने का संकल्प लेने प्रेरित किया गया |

कार्यक्रम में महासभा महासचिव वेदप्रकाश धीवर, कार्यकारिणी सदस्य उत्तम प्रसाद धीवर, अर्जुन लाल धीवर, मीडिया प्रभारी मनीष भीष्म, विधिक सलाहकार सुनीता धीवर, कोसमंदा रेंज अध्यक्ष अनिल धीवर, रेंज संयोजक संत कुमार धीवर, उपाध्यक्ष बाबुल धीवर, कोसमंदा केंद्र अध्यक्ष संतोष धीवर, तिलकेजा केंद्र अध्यक्ष राधेलाल धीवर, धीवर समाज ट्रस्ट कोरबा के संरक्षक छतराम भीष्म, भानू जलतारे सहित सैकड़ो की संख्या में स्वजातीय बंधु, माता-बहने उपस्थित रहे |

सभी स्वजातीय बंधुओं ने इस शुभ अवसर पर एक-दूसरे को बधाई दी और केंद्र के उज्ज्वल भविष्य की कामना की।

अंत में स्वजातीय बंधुओ को अमूल्य समय समाज के इस कार्यक्रम में देने के लिए धन्यवाद एवं आभार व्यक्त किया गया ।

दर्दनाक हादसा: तेज रफ्तार वाहन की चपेट में आए 7 बैल, 5 की मौत

The Duniyadari: Raigarh- धरमजयगढ़ क्षेत्र में भारतमाला सड़क पर रविवार को एक दर्दनाक सड़क दुर्घटना ने लोगों को झकझोर कर रख दिया। रैरुमा के समीप काजूबाड़ी इलाके में तेज गति से गुजर रहे एक भारी वाहन ने सड़क पर मौजूद बैलों के झुंड को टक्कर मार दी। हादसा इतना भीषण था कि पांच बैलों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि दो अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए।

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार टक्कर के बाद घटनास्थल पर अफरा-तफरी मच गई। दुर्घटना की चपेट में एक एर्टिगा कार भी आ गई, जिससे वाहन को नुकसान पहुंचा। हालांकि कार सवार लोगों के सुरक्षित होने की जानकारी मिली है।

घटना के बाद बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर एकत्र हो गए और हादसे पर गहरा आक्रोश जताया। लोगों का कहना है कि भारतमाला सड़क पर लगातार तेज रफ्तार वाहनों की आवाजाही से दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ गया है। ग्रामीणों ने प्रशासन से दोषी चालक की पहचान कर उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने तथा सड़क पर गति नियंत्रण के प्रभावी उपाय लागू करने की मांग की है।

सूचना मिलने पर संबंधित विभाग और स्थानीय प्रशासन की टीम ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया। घायल बैलों के उपचार की व्यवस्था की जा रही है और मामले की जांच शुरू कर दी गई है।

पत्नी से नाराज होकर घर छोड़ने वाले व्यक्ति को पुलिस ने खोजा, परिवार को सौंपा

The Duniyadari: छुरिया- पारिवारिक विवाद के बाद घर छोड़कर चले गए एक व्यक्ति को बागनदी पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए सकुशल खोज निकाला। घटना के बाद परिजनों ने उसकी सुरक्षा को लेकर चिंता जताई थी और किसी अप्रिय घटना की आशंका व्यक्त की थी।

जानकारी के अनुसार, ग्राम बागनदी निवासी भोला कोरेम 29 मई की रात पत्नी के साथ हुए विवाद के बाद नाराज होकर बिना किसी को बताए घर से निकल गया था। काफी तलाश के बाद भी उसका पता नहीं चलने पर परिवार ने पुलिस को सूचना दी।

मामले की गंभीरता को देखते हुए बागनदी थाना पुलिस ने तत्काल खोज अभियान शुरू किया। पुलिस टीम ने आसपास के क्षेत्रों में जानकारी जुटाई और संभावित स्थानों पर तलाश की। लगातार प्रयासों के दौरान चिचोला क्षेत्र में भोला कोरेम का पता लगाया गया।

पुलिस पूछताछ में उसने बताया कि घरेलू कारणों से नाराज होकर वह घर छोड़कर चला गया था। सभी आवश्यक औपचारिकताएं पूरी करने और स्थिति की पुष्टि के बाद पुलिस ने उसे सुरक्षित रूप से उसके परिवार के हवाले कर दिया। पुलिस की इस तत्परता से परिजनों ने राहत की सांस ली।

पंचायत उपचुनाव को लेकर सख्ती, मतदान क्षेत्र के पास शराब बिक्री पर अस्थायी रोक

The Duniyadari: गरियाबंद जिले में होने वाले त्रिस्तरीय पंचायत उप निर्वाचन को शांतिपूर्ण और निष्पक्ष ढंग से संपन्न कराने के लिए प्रशासन ने आवश्यक तैयारियां पूरी कर ली हैं। जनपद पंचायत छुरा अंतर्गत ग्राम पंचायत करकरा में सरपंच पद के रिक्त स्थान के लिए 1 जून 2026 को मतदान कराया जाएगा।

निर्वाचन प्रक्रिया को प्रभावित करने वाली किसी भी गतिविधि पर रोक लगाने के उद्देश्य से कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी बी.एस. उइके ने मतदान क्षेत्र से सटे 2 किलोमीटर के दायरे में स्थित खड़मा की विदेशी कम्पोजिट मदिरा दुकान को अस्थायी रूप से बंद रखने के आदेश जारी किए हैं। मतदान समाप्त होने तक संबंधित क्षेत्र को शुष्क दिवस घोषित किया गया है।

प्रशासन ने आबकारी विभाग और संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि शुष्क अवधि के दौरान शराब के अवैध निर्माण, परिवहन, भंडारण, बिक्री अथवा तस्करी जैसी गतिविधियों पर कड़ी निगरानी रखी जाए। किसी भी प्रकार की शिकायत मिलने पर तत्काल जांच कर सख्त कार्रवाई की जाएगी।

जिला प्रशासन का कहना है कि स्वतंत्र, निष्पक्ष और शांतिपूर्ण मतदान सुनिश्चित करने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं तथा कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए विशेष निगरानी रखी जाएगी।

नदी में नहाने गया युवक लापता, दूसरे दिन भी जारी तलाश अभियान

The Duniyadari: बलरामपुर जिले के राजपुर थाना क्षेत्र में गागर नदी में नहाने के दौरान एक युवक के डूब जाने की घटना से इलाके में चिंता का माहौल है। बताया जा रहा है कि युवक अपने दोस्तों के साथ नदी में स्नान करने गया था, जहां अचानक वह गहरे पानी की चपेट में आ गया और देखते ही देखते लापता हो गया।

घटना के बाद साथियों ने उसे बचाने का प्रयास किया, लेकिन सफलता नहीं मिल सकी। सूचना मिलने पर पुलिस और एसडीआरएफ की टीम मौके पर पहुंची और तत्काल खोजबीन शुरू की। शनिवार शाम तक गोताखोरों ने नदी में सघन सर्च ऑपरेशन चलाया, लेकिन युवक का कोई पता नहीं चल सका।

अंधेरा होने के कारण अभियान को अस्थायी रूप से रोकना पड़ा। रविवार सुबह फिर से गोताखोरों और बचाव दल ने युवक की तलाश शुरू कर दी है। नदी किनारे बड़ी संख्या में ग्रामीण और युवक के परिजन मौजूद हैं और उसकी सुरक्षित बरामदगी की उम्मीद लगाए हुए हैं।

प्रशासनिक अधिकारियों की निगरानी में राहत एवं बचाव कार्य लगातार जारी है। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है।

सर्किट हाउस में सुबह-सुबह लगी आग, स्टोर रूम का सामान जलकर खाक

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The Duniyadari: गरियाबंद जिला मुख्यालय के सर्किट हाउस में रविवार सुबह अचानक आग लगने से हड़कंप मच गया। आग लगने की घटना सुबह करीब 6:30 बजे की बताई जा रही है। देखते ही देखते आग ने एक कमरे और स्टोर क्षेत्र में रखे सामान को अपनी चपेट में ले लिया, जिससे वहां रखा फर्नीचर और अन्य सामग्री बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई।

घटना की जानकारी मिलते ही फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची और आग पर काबू पाने के लिए तत्काल राहत कार्य शुरू किया। दमकल कर्मियों की मशक्कत के बाद आग को फैलने से रोक लिया गया, जिससे सर्किट हाउस के अन्य हिस्सों को बड़ा नुकसान होने से बचाया जा सका।

प्रारंभिक जानकारी के अनुसार आग से फ्रिज, अलमारी, सीलिंग फैन समेत स्टोर रूम में रखा कई प्रकार का सामान जल गया। घटना के बाद लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) के अधिकारी भी मौके पर पहुंचे और नुकसान का जायजा लिया।

फिलहाल आग लगने के कारणों की जांच की जा रही है। शुरुआती तौर पर शॉर्ट सर्किट को आग की वजह माना जा रहा है, हालांकि जांच पूरी होने के बाद ही वास्तविक कारण स्पष्ट हो सकेगा। प्रशासन ने नुकसान का आकलन शुरू कर दिया है।

अपील में बरी होने के बाद भी नहीं मिलेगा पूरा बकाया वेतन, हाईकोर्ट ने सुनाया अहम फैसला

The Duniyadari: Bilaspur– छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने एक महत्वपूर्ण निर्णय में स्पष्ट किया है कि किसी सरकारी कर्मचारी को आपराधिक मामले में दोषसिद्धि के आधार पर नौकरी से हटाया गया हो और बाद में वह अपील में बरी हो जाए, तो मात्र बरी होने के आधार पर उसे सेवा से बाहर रहने की अवधि का पूरा वेतन और भत्ते पाने का अधिकार स्वतः नहीं मिल जाता।

मुख्य न्यायाधीश रमेश सिन्हा और न्यायमूर्ति रवीन्द्र कुमार अग्रवाल की खंडपीठ ने कहा कि ऐसे मामलों में “नो वर्क, नो पे” यानी “काम नहीं तो वेतन नहीं” का सिद्धांत लागू होगा। अदालत ने यह टिप्पणी करते हुए विद्युत विभाग के एक पूर्व कर्मचारी की अपील को खारिज कर दिया।

मामले के अनुसार संबंधित कर्मचारी ने विभाग में सहायक श्रेणी-1 सिविल के पद से सेवा शुरू की थी और बाद में पदोन्नत होकर पर्यवेक्षक सिविल बना। उसके खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण कानून के तहत मामला दर्ज हुआ था, जिसमें विशेष अदालत ने उसे दोषी ठहराया। दोषसिद्धि के बाद विभाग ने नियमों के तहत उसे सेवा से बर्खास्त कर दिया।

कर्मचारी ने फैसले को चुनौती देते हुए हाईकोर्ट में अपील दायर की। इस दौरान वह सेवानिवृत्ति की आयु भी पूरी कर चुका था। बाद में हाईकोर्ट ने आपराधिक मामले में उसे दोषमुक्त कर दिया, जिसके चलते विभाग ने बर्खास्तगी का आदेश वापस ले लिया। हालांकि विभाग ने बर्खास्तगी से लेकर सेवानिवृत्ति तक की अवधि का वास्तविक वेतन और अन्य वित्तीय लाभ देने से इनकार कर दिया।

इस निर्णय के खिलाफ कर्मचारी ने अदालत का दरवाजा खटखटाया, लेकिन पहले एकलपीठ और बाद में खंडपीठ ने भी उसकी मांग स्वीकार नहीं की। अदालत ने कहा कि सेवा से बाहर रहने की अवधि में कर्मचारी ने वास्तव में कार्य नहीं किया था, इसलिए उस अवधि के वेतन का दावा स्वतः नहीं बनता।

खंडपीठ ने अपने फैसले में सर्वोच्च न्यायालय के विभिन्न निर्णयों का उल्लेख करते हुए कहा कि आपराधिक मामले में बाद में बरी होने से कर्मचारी को पिछली अवधि का पूरा वेतन पाने का स्वाभाविक अधिकार नहीं मिल जाता। ऐसे मामलों में परिस्थितियों और सेवा नियमों को ध्यान में रखकर ही आर्थिक लाभों पर निर्णय लिया जाएगा।

मौसम बिगड़ा तो उड़ानें भटकीं, एयरपोर्ट पर यात्रियों का फूटा गुस्सा

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The Duniyadari: रायपुर में खराब मौसम और मानसूनी गतिविधियों के असर से हवाई सेवाएं प्रभावित होने लगी हैं। शुक्रवार देर रात रायपुर आने वाली दो उड़ानों को मौसम अनुकूल न होने के कारण नागपुर एयरपोर्ट की ओर मोड़ना पड़ा। इससे सैकड़ों यात्रियों को घंटों परेशानी झेलनी पड़ी और नागपुर एयरपोर्ट पर नाराजगी का माहौल बन गया।

जानकारी के अनुसार हैदराबाद और नई दिल्ली से रायपुर आ रही उड़ानें निर्धारित समय पर रायपुर में लैंड नहीं कर सकीं। मौसम की प्रतिकूल परिस्थितियों को देखते हुए दोनों विमानों को नागपुर में उतारा गया। अचानक हुई इस व्यवस्था से यात्रियों को आगे की यात्रा को लेकर स्पष्ट जानकारी नहीं मिल सकी, जिससे असंतोष बढ़ गया।

यात्रियों का कहना था कि एयरलाइन की ओर से उन्हें समय पर वैकल्पिक व्यवस्था और उचित जानकारी नहीं दी गई। देर रात तक इंतजार के बाद कई यात्रियों ने भोजन और रायपुर पहुंचाने की व्यवस्था की मांग की। एयरपोर्ट पर यात्रियों और एयरलाइन स्टाफ के बीच इस मुद्दे को लेकर बहस भी हुई।

बाद में एक एयरलाइन ने रायपुर तक बस सुविधा उपलब्ध कराने की पहल की, जबकि दूसरी एयरलाइन को लेकर यात्रियों में अधिक नाराजगी देखने को मिली। टिकट राशि वापसी की प्रक्रिया और यात्रा संबंधी विकल्पों को लेकर भी यात्रियों ने सवाल उठाए।

स्थिति को देखते हुए अंततः कुछ यात्रियों के लिए कैब की व्यवस्था की गई, जिससे उन्हें रायपुर रवाना किया गया। इस पूरे घटनाक्रम का असर करीब 250 यात्रियों पर पड़ा, जिन्हें देर रात तक अनिश्चितता और असुविधा का सामना करना पड़ा।