कोरबा के दिल्ली पब्लिक स्कूल, एनटीपीसी जमनीपाली ने कक्षा 10वीं (AISSE – 2026) में ऐतिहासिक सफलता दर्ज करते हुए शिक्षा जगत में नया कीर्तिमान स्थापित किया है। स्कूल का 100% रिजल्ट रहा, जहां सभी 124 छात्र सफल हुए — ना कोई फेल, ना कोई कम्पार्टमेंट।
संस्कृत विषय में यह परिणाम न केवल स्कूल बल्कि पूरे प्रदेश के लिए गर्व की बात बन गया है।
टॉपर्स ने बढ़ाया गौरव
दिशिता कृष्णा राव – 98.8%
परी तिवारी – 98.6%
अस्मी / अमोल सिंह – 98.4%
पलक सिंह कुशवाहा – 98.2%
प्राचार्य श्री सतीश शर्मा का विज़न
स्कूल के प्राचार्य श्री सतीश शर्मा ने कहा—
“यह सिर्फ परिणाम नहीं, बल्कि अनुशासन, समर्पण और निरंतर मेहनत की जीत है। हमारे छात्र राष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान बनाने के लिए तैयार हैं। संस्कृत में यह उपलब्धि पूरे देश के लिए मिसाल बन सकती है।”
कोरबा में शिक्षा का स्तर एक नई ऊंचाई पर पहुंच चुका है।
DPS NTPC जमनीपाली ने साबित कर दिया कि सही नेतृत्व और मेहनत से हर लक्ष्य हासिल किया जा सकता है।
प्राचार्य श्री सतीश शर्मा के मार्गदर्शन में स्कूल लगातार सफलता के नए इतिहास लिख रहा है।
*सर्वेक्षण कार्य गुणवत्ता व सटीकता के साथ पूरा करने के दिए निर्देश*
कोरबा 15 अप्रैल 2026/
भारत सरकार संस्कृति मंत्रालय द्वारा संचालित “ज्ञानभारतम राष्ट्रीय पांडुलिपि सर्वेक्षण अभियान” के जिले में प्रभावी क्रियान्वयन हेतु कलेक्टर श्री कुणाल दुदावत की अध्यक्षता में बैठक आयोजित हुई। इस अवसर पर एसडीएम कटघोरा श्री तन्मय खन्ना, सहायक कलेक्टर श्री क्षितिज गुरभेले, विशेष कर्तव्यस्थ अधिकारी श्री तरुण कुमार किरण, सीईओ जिला पंचायत श्री दिनेश नाग, अपर कलेक्टर श्री देवेंद्र पटेल सहित सभी विभागीय अधिकारी उपस्थित थे।
कलेक्टर ने बताया की इस महत्वपूर्ण पहल का उद्देश्य जिले में उपलब्ध प्राचीन एवं ऐतिहासिक पांडुलिपियों का सर्वेक्षण कर उन्हें सुरक्षित, संरक्षित एवं डिजिटल माध्यम से भावी पीढ़ियों तक पहुंचाना है। यह पहल हमारी समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित करने तथा भावी पीढ़ियों तक उसके ज्ञान को पहुँचाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इस अभियान के तहत विद्यालयों, संग्रहालयों, पुस्तकालयों तथा निजी संग्रहों में सुरक्षित प्राचीन पांडुलिपियों (हस्तलिखित ग्रंथों) का अन्वेषण, संरक्षण एवं डिजिटलीकरण कर उन्हें व्यापक रूप से जनसुलभ बनाना है। इस हेतु जिला स्तर पर संरक्षित व संग्रहित पांडुलिपि-हस्तलिखित ग्रन्थों की पहचान करने निर्देशित किया गया। साथ ही ग्राम एवं क्षेत्रवार सर्वेक्षकों की नियुक्ति कर जमीनी स्तर पर कार्य को मजबूत करने की बात कही।
ज्ञानभारतम के क्षेत्रीय संयोजकों द्वारा जिला स्तर पर नियुक्त प्रशिक्षकों के लिए आयोजित प्रशिक्षण को गम्भीरता से लेने के निर्देश दिए। जिससे सर्वेक्षण कार्य गुणवत्ता और सटीकता के साथ पूरा किया जा सके। उन्होंने ग्रामीण क्षेत्रो में भी संरक्षित पांडुलिपि की जानकारी एकत्र करने के निर्देश दिए। साथ ही प्राप्त पांडुलिपी का जीआई टैंगिग कर उन्हें सुरक्षित, संरक्षित एवं डिजिटलाइज करने की बात कही। कलेक्टर ने सभी अधिकारियों को इस अभियान को गम्भीरता से लेने एवं निर्धारित समयावधि में आवश्यक कार्यवाही पूर्ण करने के निर्देश दिए।
जिले में संचालित समस्त शासकीय, अशासकीय महाविद्यालयों, मेडिकल कॉलेज, इंजीनियरिंग कॉलेज, पॉलिटेक्निक, नर्सिंग कॉलेज, आईटीआई एवं डाईट आदि के प्राचार्य, संस्था प्रमुख, छात्रवृत्ति प्रभारी एवं संस्थान में अध्ययनरत् अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति एवं अन्य पिछड़ा वर्ग के ऐसे विद्यार्थी जो राज्य शासन द्वारा संचालित पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति की पात्रता रखते हैं, तथा संस्थाओं के प्राचार्यों/संस्था प्रमुखों, छात्रवृत्ति प्रभारियों को सूचित किया गया है कि शिक्षा सत्र 2025-26 के लिए ऑनलाइन पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति (कक्षा 12वीं से उच्चतर) के पंजीयन, स्वीकृति एवं वितरण कार्यवाही वेबसाइट http://postmatric-scholarsip.cg.nic.inपर ऑनलाईन की जा रही है।
सहायक आयुक्त आदिवासी विकास कोरबा ने बताया कि राज्य शासन द्वारा वर्ष 2025-26 छात्रवृत्ति हेतु संस्थाओं द्वारा प्रपोजल लाक कर सहाय आयुक्त आदिवासी विकास को प्रेषित करने की अंतिम तिथि 18 अपै्रल 2026 और शासकीय संस्था/जिला कार्यालय द्वारा सेन्शन आर्डर लाक करने की तिथि 20 अपै्रल 2026 तक निर्धारित की गई है।
सहायक आयुक्त ने बताया कि निर्धारित तिथि के पश्चात् शिक्षा सत्र 2025-26 की पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति ऑनलाईन ड्राफ्ट प्रपोजल एवं सेंक्शन आर्डर लाक करने का अवसर प्रदान नहीं किया जायेगा। निर्धारित तिथि तक कार्यवाही पूर्ण नहीं करने पर यदि संबंधित संस्थाओं के विद्यार्थी छात्रवृत्ति से वंचित रह जाते हैं तो इसके लिए संस्था प्रमुख जिम्मेदार होंगे।
The Duniyadari: डीएमएफ निर्माण कार्यों में गुणवत्ता सुनिश्चित करने, टीएस अनुरूप दरवाजे, खिड़कियां, प्लंबिंग फिटिंग्स कराने किया निर्देशित जिले में खराब हैंडपम्पों की अभियान चलाकर मरम्मत कराने के दिए निर्देश*
*पीएम स्वनिधि योजना में अपेक्षाकृत धीमी प्रगति वाले नगरीय निकायों को नोटिश देने किया निर्देशित*
*सोसायटियों में समय पर खाद्यान्न का पर्याप्त भंडारण व पारदर्शी वितरण सुनिश्चित कराने के निर्देश*
कोरबा 15 अप्रैल 2026/
जिले में विकास योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन हेतु कलेक्टर कुणाल दुदावत ने आज कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित समय-सीमा बैठक में विभागीय योजनाओं की प्रगति की गहन समीक्षा की और उनके प्रभावी संचालन हेतु आवश्यक निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ हर पात्र व्यक्ति तक प्राथमिकता के साथ पहुंचाया जाए तथा आपसी समन्वय और प्रतिबद्धता के साथ तय लक्ष्यों की शत-प्रतिशत पूर्ति सुनिश्चित की जाए।
बैठक में जनगणना 2026 की तैयारियों की जानकारी लेते हुए व्यापक प्रचार-प्रसार अभियान चलाने के निर्देश दिए गए। उन्होंने नगरीय निकायों और ग्रामीण क्षेत्रो में बैनर-पोस्टर के माध्यम से जनजागरूकता बढ़ाने तथा सार्वजनिक उपक्रमों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने की बात कही। जनगणना कार्य मे नियुक्त अधिकारी कर्मचारियों की समय पर प्रशिक्षण पूर्ण करने एवं समस्याओं का समाधान करने के निर्देश दिए।
गर्मी के मद्देनजर शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल समस्या के समाधान को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए कलेक्टर ने जिले के खराब हैंडपंपों की मिशन मोड में मरम्मत कराने के निर्देश दिए। इस हेतु पंचायतों से मरम्मत योग्य हैंडपंपों की सूची प्राप्त कर लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग को गंभीरता से कार्यवाही सुनिश्चित करने निर्देशित किया। जिससे आमजन को राहत मिल सके।
पीडीएस व्यवस्था की समीक्षा करते हुए उन्होंने माह के अंत तक सभी सोसायटियों में खाद्यान्न का पर्याप्त भंडारण सुनिश्चित करने और समय पर पारदर्शी वितरण सुनिश्चित कराने निर्देशित किया। प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना के अंतर्गत नगरीय क्षेत्र के अधिक से अधिक पात्र व्यक्तियों को लाभ दिलाने तथा योजना के क्रियान्वयन में अपेक्षाकृत कम प्रगति वाले नगरीय निकायों को नोटिस जारी करने के निर्देश भी दिए।
बैठक में कलेक्टर ने स्वास्थ्य विभाग को गम्भीर बीमारी से पीड़ित एवं स्वास्थ्य लाभ दिलाने हेतु प्राप्त होने वाले आवेंदनो पर त्वरित आवश्यक कार्यवाही करने , पीड़ितों को मुख्यमंत्री विशेष स्वास्थ्य सहायता योजना का लाभ दिलाने एवं आवश्यकतानुसार उच्च चिकित्सा संस्थानों में रेफर करने के निर्देश दिए। उन्होंने टीबी मुक्त अभियान के लिए प्रभावी कार्ययोजना तैयार करने की बात कही। शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रो मेंटीबी की पहचान हेतु एक्स-रे जांच को अनिवार्य रूप से बढ़ाने एवं सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, एमएमयू, नगरीय निकायों एवं सार्वजनिक उपक्रमों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। आधार एवं अपार आईडी से छूटे हुए स्कूली बच्चों का चिन्हांकन कर आधार व आपार आईडी बनवाने के लिए कहा।
कलेक्टर ने डीएमएफ अंतर्गत स्वीकृत कार्यों की समीक्षा करते हुए अपूर्ण कार्यों में प्रगति लाते हुए शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने सभी क्रियान्वयन एजेंसियों को जिले में डीएमएफ से निर्मित किए जा रहे स्कूल-आंगनबाड़ी भवन एवं शिक्षक -स्वास्थ्य कर्मचारी आवासीय भवनो में दरवाजे, खिड़कियां, प्लंबिंग फिटिंग्स और सेनेटरी कार्य निर्धारित तकनीकी प्राक्कलन (टीएस) के अनुरूप ही लगाने के सख्त निर्देश दिए। साथ ही दोषपूर्ण कार्यो को तत्काल सुधारने हेतु निर्देशित किया। उन्होंने सभी विभागों को अपने संचालित कार्यो की अद्यतन स्थिति की जानकारी निर्माण पोर्टल में जल्द से जल्द जियो-टैगिंग, फोटो एवं आवश्यक विवरण सहित अपलोड करने के निर्देश दिए। जिले में यूथ हॉस्टल एवं क्रीड़ा परिसर निर्माण हेतु जगह चिन्हांकन सहित अन्य आवश्यक तैयारियां जल्द पूर्ण करने की बात कही।
उन्होंने पीएम सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना के तहत अधिक से अधिक लोगों को योजना से जोड़ने के निर्देश दिए।
उन्होंने शासन की फ्लैगशिप स्कीम महतारी वंदन योजना अंतर्गत महिला हितग्राहियों का लोक सेवा केंद्र के माध्यम से किए जा रहे निःशुल्क केवाईसी कार्य प्रगति की जानकारी लेते हुए महिलाओं की सहूलियत पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए। साथ ही केवाईसी कार्य का नियमित मॉनिटरिंग करने के लिए कहा। उन्होंने कर्मयोगी अभियान में स्वयं एवं अपने अधीनस्थ कार्यालयों के सभी कर्मचारियों का पोर्टल में अनिवार्य रूप से पंजीयन सुनिश्चित करने एवं कोर्स का प्रशिक्षण लेने के निर्देश दिए।
बैठक के दौरान निष्क्रिय योजनाओं के खातों को पूरी तरह बंद कर शेष राशि शासन खाते में जमा कराने की प्रक्रिया की समीक्षा करते हुए यथाशीघ्र कार्य पूर्ण करने की बात कही गई। साथ ही मुख्यमंत्री घोषणाओं, मातृ वंदना योजना के लक्ष्य पूर्ति, रेडी-टू-ईट वितरण, प्रधानमंत्री आवास योजना, पीएम जनमन योजना तथा स्वीकृत आंगनबाड़ी भवनों के निर्माण कार्यों की प्रगति का विस्तृत आकलन किया गया।
कलेक्टर ने समय-सीमा से जुड़े लंबित प्रकरणों में तेजी लाते हुए उनके शीघ्र निराकरण के निर्देश दिए सभी विभागीय अधिकारियों को दिए। पीएमओ, मुख्यमंत्री जनदर्शन, मानवाधिकार आयोग और कलेक्टर जनदर्शन सहित अन्य महत्वपूर्ण लंबित मामलों को सर्वोच्च प्राथमिकता के साथ निराकृत करने के लिए अधिकारियों को निर्देशित किया। इस अवसर पर निगमायुक्त श्री आशुतोष पाण्डेय, एसडीएम कटघोरा श्री तन्मय खन्ना, सहायक कलेक्टर श्री क्षितिज गुरभेले, विशेष कर्तव्यस्थ अधिकारी श्री तरूण कुमार किरण, जिला पंचायत सीईओ श्री दिनेश नाग, अपर कलेक्टर श्री देवेन्द्र पटेल, श्री ओंकार यादव सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।
*मृतकों के परिजनों से संपर्क एवं सहायता उपलब्ध कराने की प्रक्रिया जारी*
*स्वास्थ्य मंत्री भी निरंतर जिला प्रशासन के संपर्क में*
सक्ति 15 अप्रैल 2026
सक्ति जिले के सिंघनीपुर स्थित वेदांता प्लांट में बॉयलर फटने से हुए भीषण हादसे के बाद जिला प्रशासन त्वरित रूप से सक्रिय हो गया है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय घटना एवं घायलों के उपचार को लेकर कलेक्टर श्री अमृत विकास टोपनो तथा पुलिस अधीक्षक श्री प्रफुल्ल ठाकुर से लगातार संपर्क में हैं और आवश्यक दिशा-निर्देश प्रदान कर रहे हैं। स्वास्थ्य मंत्री श्री श्यामबिहारी जायसवाल भी लगातार स्थिति की समीक्षा कर रहे हैं और कलेक्टर के साथ समन्वय बनाए हुए हैं।
घटना की सूचना मिलते ही कलेक्टर, एसपी तथा प्रशासन की टीम तुरंत घटनास्थल पर पहुँची और रेस्क्यू अभियान प्रारंभ किया गया। घायलों को प्राथमिकता के साथ रायगढ़ के फोर्टीस हॉस्पिटल, मेडिकल कॉलेज एवं अपेक्स अस्पताल भेजा गया। गंभीर रूप से घायलों को बेहतर उपचार हेतु रायपुर के कालड़ा अस्पताल रेफर किया गया। प्रशासन द्वारा घटनास्थल को बैरिकेड कर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए।
कलेक्टर श्री टोपनो ने बताया कि मुख्यमंत्री के निर्देशानुसार घायलों को सर्वोत्तम उपचार उपलब्ध कराने के लिए हरसंभव प्रयास किए जा रहे हैं। मृतकों की पहचान कर उनके परिजनों से संपर्क स्थापित किया जा रहा है। पोस्टमार्टम उपरांत पार्थिव देह को उनके गृहग्राम तक एम्बुलेंस के माध्यम से भेजने और तात्कालिक सहायता राशि उपलब्ध कराने की व्यवस्था सुनिश्चित की गई है।
हादसे में घायल अथवा प्रभावित श्रमिकों को पूर्ण रूप से स्वस्थ होने तक बिना उपस्थिति के वेतन देने पर भी सहमति बनाई गई है। कलेक्टर ने बताया कि मुआवजा राशि को लेकर देर रात तक चर्चा कर सहमति स्थापित की गई है। घटना की मजिस्ट्रियल जांच के आदेश जारी कर दिए गए हैं तथा जांच टीम जल्द ही घटनास्थल का निरीक्षण करेगी। रेस्क्यू कार्य में एसडीआरएफ की टीम भी सक्रिय है।
मुख्यमंत्री द्वारा मृतकों के परिजनों को 5 लाख रुपये तथा घायलों को 50-50 हजार रुपये की सहायता राशि की घोषणा की गई है। इसी प्रकार, प्रधानमंत्री द्वारा मृतकों के परिजनों हेतु 2 लाख रुपये और घायलों के लिए 50 हजार रुपये की अनुग्रह सहायता स्वीकृत की गई है।
पुलिस अधीक्षक श्री प्रफुल्ल ठाकुर ने जानकारी दी कि इस हादसे में कुल 36 श्रमिक प्रभावित हुए हैं, जिनमें से 17 की मृत्यु हो चुकी है तथा 19 घायल हैं, जिनका उपचार जारी है।
कंपनी प्रबंधन ने कहा है कि वे प्रभावित परिवारों के साथ पूरी मजबूती से खड़े हैं। दिवंगत श्रमिकों के परिजनों को 35 लाख रुपये की आर्थिक सहायता एवं रोजगार सहयोग, तथा घायलों को 15 लाख रुपये की सहायता राशि प्रदान की जाएगी। घायलों को पूर्ण स्वस्थ होने तक वेतन जारी रहेगा और परामर्श (काउंसलिंग) की सुविधा भी उपलब्ध कराई जाएगी।
*मृतकों के नाम*
हादसे में मृतकों में छत्तीसगढ़ के 5, बिहार के 2, झारखंड के 3, पश्चिम बंगाल के 5 तथा उत्तर प्रदेश के 2 मजदूर शामिल हैं। मृतकों के नाम इस प्रकार हैं–
The Duniyadari: बांकीमोंगरा: शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं को जन-जन तक पहुँचाने की कड़ी में बांकीमोंगरा नगर पालिका द्वारा एक महत्वपूर्ण पहल की गई है। नगर पालिका अध्यक्ष श्रीमती सोनी विकास झा ने आज नगर पालिका कार्यालय परिसर में 24 पात्र हितग्राहियों को नए राशन कार्ड वितरित किए।
काफी समय से राशन कार्ड की प्रतीक्षा कर रहे इन परिवारों के लिए यह दिन बड़ी राहत लेकर आया। श्रीमती झा ने खुद अपने हाथों से हितग्राहियों को कार्ड सौंपे। राशन कार्ड मिलते ही हितग्राहियों के चेहरे खिल उठे और उन्होंने इस त्वरित कार्यवाही के लिए अध्यक्ष व प्रशासन का आभार व्यक्त किया।
इस अवसर पर नगर पालिका अध्यक्ष श्रीमती सोनी विकास झा ने कहा कि हमारी प्राथमिकता है कि शासन की योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुँचे। राशन कार्ड केवल एक दस्तावेज़ नहीं है, बल्कि यह गरीब परिवारों के लिए खाद्य सुरक्षा की गारंटी है। हम लगातार प्रयास कर रहे हैं कि किसी भी पात्र व्यक्ति को राशन कार्ड या अन्य मूलभूत सुविधाओं के लिए भटकना न पड़े।
वही राशनकार्ड धारकों ने बताया कि नगर पालिका परिषद बांकीमोंगरा कार्यालय में राशन कार्ड के लिए किसी प्रकार की कोई शुल्क नहीं लिया गया, राशन कार्ड की फार्म जमा करते ही लगभग 1 से 2 माह में राशन कार्ड प्राप्त हों गया। राशन कार्ड मिलने से बच्चों का पढ़ाई सहित राशन व अन्य जरुरी कार्य के लिए काम आयेंगे।
इस दौरान 24 हितग्राहियों सहित पार्षद प्रमोद सोना व पालिका के कर्मचारीगण उपस्थित थे।
सक्ति जिले के वेदांता पावर प्लांट में हुए भीषण हादसे को लेकर छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने सख्त रुख अपनाते हुए उच्चस्तरीय जांच समिति का गठन किया है। इस दुर्घटना में कई मजदूरों की मौत और दर्जनों के घायल होने की घटना के बाद राजनीतिक हलकों के साथ-साथ पूरे प्रदेश में चिंता और आक्रोश का माहौल है।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष के निर्देश पर गठित इस समिति की कमान पूर्व मंत्री जयसिंह अग्रवाल को सौंपी गई है। समिति में पूर्व मंत्री नोबेल वर्मा सहित कई विधायक और वरिष्ठ पदाधिकारियों को शामिल किया गया है, जो हादसे के सभी पहलुओं की गहन जांच करेंगे।
समिति जल्द ही घटनास्थल का दौरा कर पीड़ित परिवारों, घायलों और स्थानीय नागरिकों से बातचीत करेगी। इसके अलावा प्लांट प्रबंधन की भूमिका, सुरक्षा मानकों की स्थिति और हादसे के वास्तविक कारणों की भी जांच की जाएगी। समिति अपनी विस्तृत रिपोर्ट प्रदेश कांग्रेस कमेटी को सौंपेगी।
कांग्रेस नेताओं ने कहा है कि इस दर्दनाक घटना के जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की जाएगी और पीड़ित परिवारों को न्याय दिलाने के लिए हर स्तर पर संघर्ष किया जाएगा। साथ ही भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए ठोस सुझाव भी दिए जाएंगे।
जांच समिति के सदस्य इस प्रकार हैं:
जयसिंह अग्रवाल – संयोजक
नोबेल वर्मा – सदस्य
रामकुमार यादव – सदस्य
अटल श्रीवास्तव – सदस्य
बालेश्वर साहू – सदस्य
राघवेन्द्र सिंह – सदस्य
व्यास कश्यप – सदस्य
शेषराज हरवंश – सदस्य
रहीम गबेल – सदस्य
राजेश अग्रवाल – सदस्य
समिति का उद्देश्य हादसे की सच्चाई सामने लाने के साथ-साथ औद्योगिक इकाइयों में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर ठोस कदम सुनिश्चित करना भी बताया गया है।
The Duniyadari:Bilaspur– सेंट्रल यूनिवर्सिटी में पढ़ने वाली बीए-एलएलबी की एक छात्रा ने अपने किराए के कमरे में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। घटना की जानकारी उस समय सामने आई, जब मंगलवार सुबह छात्रा काफी देर तक कमरे से बाहर नहीं निकली। साथ में रहने वाली अन्य छात्राओं ने दरवाजा खटखटाकर आवाज दी, लेकिन अंदर से कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली।
स्थिति संदिग्ध लगने पर छात्राओं ने तुरंत पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही कोनी थाना पुलिस मौके पर पहुंची। दरवाजा खोलकर अंदर जाने पर छात्रा का शव पंखे से लटकता हुआ मिला। पुलिस ने शव को नीचे उतारकर पंचनामा कार्रवाई के बाद पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
जानकारी के अनुसार, छात्रा सोमवार रात घर से लौटकर अपने कमरे में गई थी। इसके बाद से दरवाजा नहीं खुला। सुबह तक कोई हलचल नहीं होने पर आसपास रहने वाली छात्राओं ने चिंता जताई और पुलिस को सूचना दी। मृतका की पहचान सृष्टि के रूप में की गई है।
फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है और आत्महत्या के कारणों का पता लगाने के लिए छात्रा के परिजनों तथा साथियों से पूछताछ की जा रही है। कमरे से कोई सुसाइड नोट मिला है या नहीं, इसकी भी जांच की जा रही है।
The Duniyadari: कवर्धा- शहर के फूलवारी स्थित राजपरिवार के प्राचीन हनुमान मंदिर में चोरी की घटना से इलाके में हड़कंप मच गया।
अज्ञात चोर मंदिर में स्थापित हनुमान जी की प्रतिमा पर सजे करीब 10 तोला चांदी के मुकुट को लेकर फरार हो गए।
घटना की जानकारी सुबह मंदिर के पुजारी को हुई, जिसके बाद उन्होंने तुरंत सिटी कोतवाली पुलिस को सूचना दी।
सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और मंदिर परिसर का बारीकी से निरीक्षण किया।
पुलिस ने आसपास के लोगों से पूछताछ शुरू कर दी है और संदिग्ध गतिविधियों के बारे में जानकारी जुटाई जा रही है। प्रारंभिक जांच में चोरी देर रात की बताई जा रही है।
पुलिस का कहना है कि आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की भी जांच की जा रही है, जिससे आरोपियों तक पहुंचने में मदद मिल सके।
वहीं, इस घटना के बाद स्थानीय लोगों में नाराजगी भी देखी जा रही है। पुलिस ने जल्द ही मामले का खुलासा करने का भरोसा दिलाया है।
The Duniyadari:KORBA- झाबू राखड़ डेम विवाद के बाद कार्रवाई, पीतांबर नेताम का तबादला,
झाबू राखड़ डेम से जुड़े फ्लाई ऐश प्रबंधन मामले में घिरे सीएसईबी के अधीक्षण अभियंता पीतांबर नेताम को आखिरकार कोरबा से हटाकर रायपुर भेज दिया गया है। यह वही मामला है जिसमें डेम क्षतिग्रस्त होने के बाद दर्री बांध में राखड़ मिला पानी छोड़े जाने की बात सामने आई थी, जिससे जल प्रदूषण को लेकर गंभीर सवाल खड़े हुए थे।
घटना के बाद जिले में शिकायतों की बाढ़ आ गई थी। हालात को देखते हुए कलेक्टर कुणाल दुदावत ने जिम्मेदार अधिकारियों पर कड़ी नाराजगी जताई थी और पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए जवाबदेही तय करने के निर्देश दिए थे।
प्रशासनिक स्तर पर अब पहली बड़ी कार्रवाई के रूप में नेताम का ट्रांसफर किया गया है। उनकी जगह सत्येंद्र साहू को नई जिम्मेदारी दी गई है।
हालांकि, स्थानीय स्तर पर यह भी मांग उठ रही है कि सिर्फ अधिकारियों का तबादला काफी नहीं है। लोगों का कहना है कि इस प्रकरण में जुड़े ठेकेदार पर भी सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। उसे ब्लैकलिस्ट करने के साथ-साथ जो भी आर्थिक दंड लगाया गया है, उसकी वसूली सीधे ठेकेदार से की जानी चाहिए।
कुछ लोगों ने शंकर इंजीनियरिंग पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि बीते कुछ वर्षों में राखड़ प्रबंधन के नाम पर बड़े स्तर पर गड़बड़ियां हुई हैं और इसमें विभाग के एक अधिकारी की मिलीभगत से शासन को नुकसान पहुंचाया गया है।
यदि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच होती है, तो बड़े भ्रष्टाचार के सामने आने की संभावना जताई जा रही है। बताया जा रहा है कि पिछले तीन सालों में इस कार्य में भारी अनियमितताएं हुई हैं।
अब नजर इस बात पर है कि विभाग जांच को किस दिशा में आगे बढ़ाता है और क्या वाकई जिम्मेदार लोगों पर कड़ी कार्रवाई होती है। वहीं, कुछ लोग इस मामले को लेकर मुख्यमंत्री तक शिकायत पहुंचाने की तैयारी भी कर रहे हैं, जिससे आगे और खुलासे हो सकते हैं।